Prism Johnson के लिए एक राहत भरी खबर आई है। कंपनी को CESTAT, नई दिल्ली से एक महत्वपूर्ण मामले में जीत मिली है, जिसमें कुल **₹11.53 करोड़** की एक्साइज ड्यूटी डिमांड और **₹6.04 करोड़** की पेनल्टी को रद्द कर दिया गया है।
कानूनी मोर्चे पर जीत
Prism Johnson Limited के लिए यह कानूनी जीत काफी महत्वपूर्ण है। कंपनी ने बताया कि नई दिल्ली स्थित CESTAT (Customs, Excise and Service Tax Appellate Tribunal) ने उनके खिलाफ चल रहे एक्साइज ड्यूटी विवाद में कंपनी और उनके पूर्व कर्मचारी के पक्ष में फैसला सुनाया है। 7 सितंबर, 2026 को अदालत में इस फैसले का ऑपरेटिव हिस्सा पढ़ा गया।
क्या था विवाद?
यह मामला अगस्त 2023 से सुर्खियों में था, जिसमें कंपनी पर ₹11.53 करोड़ की एक्साइज ड्यूटी का दावा किया गया था। इसमें ₹6.04 करोड़ की भारी-भरकम पेनल्टी भी शामिल थी। अब इस पूरी डिमांड को रद्द कर दिए जाने से कंपनी की बैलेंस शीट पर मंडरा रहा एक बड़ा जोखिम टल गया है।
निवेशकों के लिए क्या है मायने?
कंपनी ने साफ कर दिया है कि इस फैसले का उनके ऑपरेशंस या फाइनेंशियल स्थिति पर कोई भी प्रतिकूल (adverse) प्रभाव नहीं पड़ेगा। हालांकि, इस विवाद के खत्म होने से निवेशकों के बीच लंबे समय से बनी हुई अनिश्चितता अब दूर हो गई है। अब बाजार की नजरें विस्तृत लिखित ऑर्डर (Written Order) पर टिकी हैं, जो जल्द ही सार्वजनिक किए जाने की उम्मीद है।
