Patel Engineering ने जानकारी दी है कि उन्हें PACL Limited से जुड़े मामले में Serious Fraud Investigation Office (SFIO) का कोर्ट समन मिला है। कंपनी ने साफ किया है कि फिलहाल कोई भी नकारात्मक आदेश पारित नहीं हुआ है और कामकाज सामान्य है।
क्या है पूरा मामला?
Patel Engineering को जयपुर की स्पेशल कोर्ट (सती निवारण केस) से केस नंबर 3 ऑफ 2025 के संबंध में समन प्राप्त हुआ है। यह मामला मुख्य रूप से PACL Limited से जुड़ा है। कंपनी ने कोर्ट में अपना पक्ष रखते हुए Cr.P.C की धारा 305 (BNSS की धारा 342) के तहत औपचारिक प्रतिनिधित्व दर्ज कर दिया है।
कंपनी का क्या कहना है?
कंपनी ने 31 अक्टूबर, 2026 को जारी अपनी रेगुलेटरी फाइलिंग में स्पष्ट किया है कि SFIO का यह नोटिस उनके रोजमर्रा के कामकाज को प्रभावित नहीं करेगा। मैनेजमेंट का मानना है कि इस कानूनी मामले से कंपनी की फाइनेंशियल स्थिति पर कोई बड़ा मटेरियल इंपैक्ट नहीं पड़ेगा। वर्तमान में कंपनी पर कोई पेनल्टी, जुर्माना या किसी प्रकार का प्रतिबंध नहीं लगाया गया है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
हालांकि कंपनी ने सब कुछ सामान्य बताया है, लेकिन SFIO जैसी जांच एजेंसियों का नाम जुड़ना शेयरधारकों के लिए एक महत्वपूर्ण घटना है। भविष्य में होने वाली अदालती सुनवाइयों पर नजर रखना जरूरी है। कानूनी प्रक्रियाएं अक्सर लंबी खिंच सकती हैं, और अगर जांच का दायरा बढ़ता है, तो कंपनी को अतिरिक्त कानूनी संसाधनों की आवश्यकता पड़ सकती है।
