प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने Nova Iron & Steel Ltd की ₹16.67 करोड़ की संपत्ति कुर्क की है। यह कार्रवाई फंड डायवर्जन की मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत की गई है। कंपनी मैनेजमेंट इस ऑर्डर की समीक्षा कर रहा है और कानूनी कदम उठाएगा।
क्या हुआ?
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने Nova Iron & Steel Ltd की ₹16.67 करोड़ की संपत्ति को प्रोविजनल अटैचमेंट ऑर्डर के तहत कुर्क कर लिया है। इस कुर्की में ₹6.57 करोड़ की इमूवेबल प्रॉपर्टी (अचल संपत्ति) और ₹10.10 करोड़ के इक्विटी शेयर्स (शेयर) शामिल हैं। यह आदेश 8 जुलाई, 2026 को जारी किया गया था।
क्यों महत्वपूर्ण है?
यह एक्शन प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 के तहत चल रही मनी लॉन्ड्रिंग जांच का हिस्सा है। ED, Bhushan Power & Steel Ltd (BPSL) और Nova Iron & Steel Ltd के बीच कथित इंटर-कॉर्पोरेट ट्रांजैक्शन और फंड डायवर्जन की जांच कर रहा है। जांच में ₹201.20 करोड़ के बकाया लोन फंड का खुलासा हुआ है, जिन्हें कथित तौर पर अनसिक्योर्ड लोन के रूप में ट्रांसफर किया गया और बाद में हड़प लिया गया।
कंपनी का पक्ष
Nova Iron & Steel Ltd ने कहा है कि उन्हें ED का ऑर्डर मिल गया है और वे इसकी समीक्षा कर रहे हैं। कंपनी मैनेजमेंट का कहना है कि वे अपने हितों की रक्षा के लिए उचित कानूनी कदम उठाएंगे और इस ऑर्डर को चुनौती देंगे। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस कुर्की का उनके ऑपरेशंस पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
आगे क्या?
निवेशकों को कंपनी द्वारा अटैचमेंट ऑर्डर के खिलाफ उठाए जाने वाले कानूनी कदमों पर नज़र रखनी चाहिए। साथ ही, ED की जांच और इसके संभावित वित्तीय प्रभाव पर भी ध्यान देना महत्वपूर्ण होगा।
