Bharti Airtel को मिली बड़ी राहत
टेलीकॉम दिग्गज Bharti Airtel को बॉम्बे हाई कोर्ट से बड़ी जीत मिली है। कोर्ट ने डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकम्युनिकेशन्स (DoT) द्वारा भेजे गए ₹8,414 करोड़ के वन-टाइम स्पेक्ट्रम चार्ज (OTSC) के डिमांड नोटिस को खारिज कर दिया है।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला 2013 में शुरू हुआ था, जब DoT ने Bharti Airtel पर OTSC के लिए ₹5,201.2 करोड़ का नोटिस भेजा था। बाद में 2018 में इस डिमांड को बढ़ाकर ₹8,414 करोड़ कर दिया गया था। इस मामले में कंपनी की सब्सिडियरी Bharti Hexacom Limited पर भी ₹473.7 करोड़ की देनदारी थी।
क्यों महत्वपूर्ण है यह फैसला?
इस फैसले से कंपनी पर चल रहा एक बड़ा कानूनी और वित्तीय बोझ खत्म हो गया है। यह डिमांड पिछले एक दशक से एक 'कंटीजेंट लायबिलिटी' (Contingent Liability) बनी हुई थी, जो निवेशकों के लिए चिंता का विषय थी। कोर्ट के इस फैसले से कंपनी की बैलेंस शीट साफ होगी और वित्तीय अनिश्चितता कम होगी।
आगे क्या?
अब Bharti Airtel को यह ₹8,414 करोड़ का भुगतान नहीं करना पड़ेगा। यह कंपनी के लिए एक बड़ी राहत है और इससे उसके वित्तीय स्वास्थ्य में सुधार की उम्मीद है। निवेशक अब कंपनी की अगली वित्तीय रिपोर्टों में इस देनदारी के हटने के असर पर नज़र रखेंगे।
