Aarti Pharmalabs: ₹59.50 करोड़ के भारी-भरकम जुर्माने के खिलाफ कंपनी ने खटखटाया गुजरात हाई कोर्ट का दरवाजा

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AuthorMehul Desai|Published at:
Aarti Pharmalabs: ₹59.50 करोड़ के भारी-भरकम जुर्माने के खिलाफ कंपनी ने खटखटाया गुजरात हाई कोर्ट का दरवाजा

Aarti Pharmalabs Limited ने गुजरात हाई कोर्ट में एक रिट याचिका दायर की है। कंपनी ने स्टैम्प ड्यूटी और पेनल्टी के रूप में मांगे गए ₹59.50 करोड़ के सरकारी नोटिस को चुनौती दी है, जो एक पुराने डीमर्जर से जुड़ा मामला है।

कानूनी विवाद और कंपनी का रुख

Aarti Pharmalabs ने गुजरात के गांधीनगर स्थित सुपरिंटेंडेंट ऑफ स्टैम्प्स (Superintendent of Stamps) द्वारा जारी 29 अगस्त, 2026 के उस आदेश को अदालत में चुनौती दी है, जिसमें कंपनी से ₹59.50 करोड़ की भारी-भरकम राशि की मांग की गई थी। कंपनी ने अपनी कानूनी लड़ाई को आगे बढ़ाते हुए अब अहमदाबाद हाई कोर्ट में रिट याचिका दायर की है।

डीमर्जर से जुड़ी है पूरी कहानी

यह सारा विवाद 21 सितंबर, 2022 को NCLT, अहमदाबाद बेंच द्वारा मंजूर किए गए एक डीमर्जर (Scheme of Arrangement) से उपजा है। स्टैम्प अथॉरिटी ने इसी डीमर्जर पर अतिरिक्त स्टैम्प ड्यूटी और पेनल्टी लगाई है। कंपनी का साफ कहना है कि वे इस अतिरिक्त लेवी की वैधता को नहीं मानती और अपनी वित्तीय स्थिति को सुरक्षित रखने के लिए अदालत से न्याय की उम्मीद कर रही है।

निवेशकों के लिए जोखिम (Risks for Investors)

निवेशकों के लिए सबसे बड़ी चिंता का विषय कंपनी का कैश रिज़र्व है। यदि अदालत का फैसला कंपनी के पक्ष में नहीं आता है, तो ₹59.50 करोड़ का बड़ा भुगतान कंपनी के मुनाफे और लिक्विडिटी पर सीधा दबाव डाल सकता है। फिलहाल, कानूनी प्रक्रिया लंबी चल सकती है, इसलिए निवेशकों को कंपनी की अगली तिमाही की फाइलिंग और अदालत के अंतरिम आदेशों पर बारीकी से नज़र रखनी चाहिए।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.