Niva Bupa Health Insurance ने फाइनेंशियल ईयर **2027** की दूसरी तिमाही के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट दोगुने से ज्यादा होकर **₹135.64 करोड़** पर पहुंच गया है, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह **₹60.52 करोड़** था।
दमदार प्रदर्शन और रेवेन्यू में बढ़ोतरी
कंपनी ने इस तिमाही में रेवेन्यू के मोर्चे पर भी अच्छी बढ़त दर्ज की है। बीमा रेवेन्यू पिछले साल के ₹1,899.07 करोड़ से बढ़कर ₹2,412.27 करोड़ हो गया है। कंपनी ने अब 'इंडियन अकाउंटिंग स्टैंडर्ड्स' (Ind AS) को अपना लिया है, जिसके चलते पिछले आंकड़ों को रीस्टेट किया गया है ताकि निवेशकों को सटीक तुलना मिल सके।
रेगुलेटरी अनुपालन (Regulatory Compliance)
निवेशकों के लिए एक बड़ी राहत की खबर यह है कि कंपनी IRDAI के खर्च प्रबंधन नियमों (EoM) का सख्ती से पालन कर रही है। सितंबर, 2026 तक कंपनी का EoM रेशियो 34.26% रहा, जो कि रेगुलेटर द्वारा तय की गई 35.98% की सीमा के दायरे में है।
निवेशकों के लिए जोखिम (Risks to Watch)
शानदार मुनाफे के बावजूद, निवेशकों को कंपनी से जुड़े कानूनी और टैक्स विवादों पर नजर रखनी चाहिए:
- इनकम टैक्स: असेसमेंट ईयर 2020-21 से 2023-24 तक के खर्चों के मामले में ₹127.16 करोड़ का टैक्स डिमांड का विवाद चल रहा है।
- GST जांच: डायरेक्टरेट जनरल ऑफ GST इंटेलिजेंस ने मार्केटिंग खर्चों को लेकर ₹29.28 करोड़ का शो-कॉज नोटिस जारी किया है। इसमें से कंपनी पहले ही ₹25 करोड़ जमा कर चुकी है।
कुल मिलाकर, कंपनी का ऑपरेशनल प्रदर्शन मजबूत है, लेकिन इन टैक्स और GST विवादों का समाधान कंपनी के बैलेंस शीट पर बड़ा असर डाल सकता है।
