Windsor Machines Limited ने इंडस्ट्री के दिग्गज मोहन रामचंद्रन को नया चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) और होल-टाइम डायरेक्टर नियुक्त किया है। यह नियुक्ति **5 अक्टूबर, 2026** से प्रभावी होगी और **3 साल** के कार्यकाल के लिए होगी।
मैनेजमेंट में बड़ा बदलाव
Windsor Machines के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने मोहन रामचंद्रन को अतिरिक्त डायरेक्टर के रूप में नियुक्त किया है, जो अब CEO और होल-टाइम डायरेक्टर की दोहरी जिम्मेदारी संभालेंगे। इस नियुक्ति की अवधि 4 अक्टूबर, 2029 तक यानी 3 साल तय की गई है। हालांकि, इसे शेयरधारकों की औपचारिक मंजूरी मिलना अभी बाकी है।
क्यों अहम है यह नियुक्ति?
मशीनरी मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच कंपनी ने एक ऐसे लीडर को चुना है जिनका अनुभव काफी गहरा है। रामचंद्रन को डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क विस्तार और ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट मैनेजमेंट में महारत हासिल है, जिससे कंपनी को अपनी मार्केट पोजिशन मजबूत करने में मदद मिल सकती है।
कौन हैं मोहन रामचंद्रन?
मोहन रामचंद्रन के पास 32 साल का लंबा और शानदार अनुभव है। उन्होंने NIT तिरुचिरापल्ली से इंजीनियरिंग और गोवा इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट से PGDM किया है। अपने करियर के दौरान उन्होंने Eicher Group, Mahindra & Mahindra, Cummins Technologies और Milacron India जैसी बड़ी कंपनियों में अहम भूमिकाएं निभाई हैं।
गवर्नेंस और आगे की राह
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि मोहन रामचंद्रन का मौजूदा बोर्ड सदस्यों से कोई संबंध नहीं है। साथ ही, SEBI या किसी अन्य रेगुलेटरी बॉडी द्वारा उन्हें प्रतिबंधित नहीं किया गया है। अब निवेशकों की नजरें आने वाली शेयरधारक बैठक (AGM/EGM) पर होंगी, जहां इस नियुक्ति पर औपचारिक मुहर लगेगी। मार्केट एक्सपर्ट्स अब यह देख रहे हैं कि नए CEO के आने के बाद कंपनी की ऑपरेशनल प्रायोरिटीज में क्या बड़े बदलाव आते हैं।
