WPIL Q2 Results: कंपनी का मुनाफा फिसलकर **₹33.61 करोड़** पर, एसेट बेचने का भी फैसला

INDUSTRIAL-GOODSSERVICES
Whalesbook Corporate News Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
WPIL Q2 Results: कंपनी का मुनाफा फिसलकर **₹33.61 करोड़** पर, एसेट बेचने का भी फैसला

WPIL Ltd के लिए दूसरी तिमाही के नतीजे कमजोर रहे हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल के **₹426.02 करोड़** से घटकर **₹354.34 करोड़** रह गया है, जबकि नेट प्रॉफिट भी **₹51.79 करोड़** से गिरकर **₹33.61 करोड़** पर आ गया है।

मुनाफे में क्यों आई गिरावट?

सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही में कंपनी के प्रदर्शन पर दबाव साफ दिख रहा है। कंसोलिडेटेड आधार पर जहां कंपनी का मुनाफा ₹33.61 करोड़ दर्ज किया गया, वहीं स्टैंडअलोन परफॉर्मेंस और भी चिंताजनक रही। स्टैंडअलोन रेवेन्यू पिछले साल के ₹178.88 करोड़ से गिरकर ₹113.18 करोड़ रह गया है, और नेट प्रॉफिट तो पिछले साल के ₹25.03 करोड़ से लुढ़ककर मात्र ₹0.86 करोड़ पर सिमट गया है।

बिजनेस स्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव

नतीजों के साथ-साथ कंपनी ने एक बड़ा कॉर्पोरेट फैसला भी लिया है। WPIL ने अपनी सहायक कंपनी SAHPL की सहयोगी इकाई Amanji Phampa Consultants (Pty) Limited से अपना निवेश वापस लेने (Divestment) का निर्णय लिया है। मैनेजमेंट इसे कंपनी के पोर्टफोलियो को व्यवस्थित करने की दिशा में एक कदम के रूप में देख रहा है।

आगे क्या होगा?

निवेशकों की नजर अब इस पर होगी कि कंपनी आने वाली तिमाहियों में रेवेन्यू ग्रोथ को कैसे पटरी पर लाती है। इसके अलावा, एसेट बेचने के बाद कंपनी की बैलेंस शीट कितनी मजबूत होती है और ऑर्डर बुक का निष्पादन (Execution) कैसा रहता है, ये स्टॉक की चाल तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.