Vruddhi Engineering Works ने FY26 के अपने नतीजे पेश किए हैं, जिसमें कंपनी का रेवेन्यू **₹43.12 करोड़** और नेट प्रॉफिट दोगुना होकर **₹3.08 करोड़** पर पहुंच गया है। कंपनी ने अब **₹1,000 करोड़** के लॉन्ग-टर्म रेवेन्यू का लक्ष्य रखा है।
शानदार परफॉर्मेंस का दम
Vruddhi Engineering Works Ltd ने अपनी 6th एनुअल रिपोर्ट जारी की है। अगर फाइनेंशियल आंकड़ों पर नजर डालें, तो कंपनी का कुल रेवेन्यू पिछले साल के ₹31.83 करोड़ से बढ़कर ₹43.12 करोड़ हो गया है। सबसे बड़ा सरप्राइज नेट प्रॉफिट में दिखा, जो पिछले साल के ₹1.49 करोड़ से बढ़कर सीधे ₹3.08 करोड़ पर पहुंच गया। इस ग्रोथ के साथ कंपनी का अर्निंग पर शेयर (EPS) भी सुधरकर ₹12.20 दर्ज किया गया है।
क्यों है ये रिपोर्ट अहम?
कंपनी अपने कोर बिजनेस—couplers की ट्रेडिंग, थ्रेडिंग और क्रिम्पिंग—में काफी बेहतर ऑपरेटिंग एफिशिएंसी दिखा रही है। अब कंपनी 'Grouting couplers' जैसे नए प्रोडक्ट्स पर दांव लगा रही है, ताकि ₹1,000 करोड़ के बड़े रेवेन्यू टारगेट को हासिल किया जा सके।
मैनेजमेंट में बड़े बदलाव
बीते साल मैनेजमेंट में काफी उथल-पुथल रही। जुलाई 2025 में CFO अनुश्री मनोज गुरव के इस्तीफे के बाद, सितंबर 2025 में वेदांत मेहता को नया CFO बनाया गया। साथ ही, मैनेजिंग डायरेक्टर बिंदी कुणाल मेहता और डायरेक्टर्स वर्षा मुकेश मेहता व वेदांत मुकेश मेहता की पुनर्नियुक्ति भी हुई है।
अनुपालन और भविष्य की राह
हालांकि, पूर्व CFO के इस्तीफे की जानकारी स्टॉक एक्सचेंज को देने में थोड़ी देरी हुई थी, जिसे कंपनी ने एक प्रक्रियात्मक चूक माना है। राहत की बात यह है कि कंपनी के खिलाफ कोई पेंडिंग लिटिगेशन नहीं है और ऑडिट रिपोर्ट पूरी तरह क्लीन है। निवेशकों की नजर अब 30 सितंबर, 2026 को होने वाली 6वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) पर टिकी है, जहां भविष्य की ग्रोथ स्ट्रेटजी पर चर्चा होगी।
