Vedanta Ltd का जलवा! FY26 में रेवेन्यू **15%** बढ़कर ₹1.74 लाख करोड़, मुनाफा **22%** उछला

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AuthorMehul Desai|Published at:
Vedanta Ltd का जलवा! FY26 में रेवेन्यू **15%** बढ़कर ₹1.74 लाख करोड़, मुनाफा **22%** उछला

Vedanta Ltd ने वित्त वर्ष 2026 के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **15%** बढ़कर **₹1.74 लाख करोड़** और नेट प्रॉफिट **22%** बढ़कर **₹25,096 करोड़** रहा। कंपनी ने पांच इकाइयों में डी-मर्जर पूरा कर लिया है और अब FY27 के लिए ग्रोथ कैपेक्स पर ध्यान केंद्रित कर रही है।

Vedanta Ltd का FY26 का शानदार प्रदर्शन

Vedanta Ltd ने हाल ही में अपने वित्त वर्ष 2025-26 के वित्तीय नतीजे घोषित किए हैं, जिसमें कंपनी ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। इस अवधि में कंपनी का रेवेन्यू 15% की जोरदार बढ़ोतरी के साथ ₹1,74,075 करोड़ पर पहुंच गया। वहीं, अर्निंग्स बिफोर इंटरेस्ट, टैक्सेस, डेप्रिसिएशन और एमोर्टाइजेशन (EBITDA) में 29% का उछाल देखा गया, जो ₹55,976 करोड़ रहा। कंपनी के नेट प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में भी 22% का इजाफा हुआ, जो पिछले साल के ₹20,535 करोड़ की तुलना में बढ़कर ₹25,096 करोड़ हो गया।

इसके अलावा, 31 मार्च 2026 तक कंपनी का नेट डेट टू EBITDA रेशियो घटकर 0.95x रह गया, जो पिछले साल 1.22x था। मार्च 2026 के अंत तक कुल नेट डेट ₹53,254 करोड़ था।

ये क्यों महत्वपूर्ण है?

यह मजबूत वित्तीय प्रदर्शन कंपनी की बेहतर ऑपरेशनल एफिशिएंसी और अनुकूल बाजार परिस्थितियों का संकेत देता है। इसमें ऊंचे सेल्स वॉल्यूम, कमोडिटी की कीमतों में वृद्धि और रुपये में आई गिरावट का भी योगदान है। डेट-टू-EBITDA रेशियो में कमी से कंपनी की बैलेंस शीट और मजबूत हुई है। 'Vedanta 2.0' के नाम से हुआ डी-मर्जर एक बड़ा स्ट्रेटेजिक कदम है।

कंपनी की पिछली रणनीति

Vedanta अपनी बैलेंस शीट को डी-लीवरेज करने और ऑपरेशनल सुधारों पर लगातार ध्यान केंद्रित कर रही है। हाल ही में हुए डी-मर्जर का मकसद वैल्यू अनलॉक करना और कैपिटल एलोकेशन को बेहतर बनाना है।

अब आगे क्या?

'Vedanta 2.0' के नए स्ट्रक्चर के साथ, कंपनी अब ग्रोथ फेज में प्रवेश कर रही है। आने वाले वित्त वर्ष 2026-27 के लिए ₹17,000-19,000 करोड़ का एक बड़ा हिस्सा ग्रोथ कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए आवंटित किया गया है।

किन जोखिमों पर नजर रखें?

निवेशकों को भू-राजनीतिक तनाव और चल रहे कानूनी विवादों जैसे बाहरी कारकों पर भी नजर रखनी चाहिए, जो Vedanta के ऑपरेशंस और प्रॉफिटेबिलिटी को प्रभावित कर सकते हैं।

सेगमेंट परफॉर्मेंस

एल्युमीनियम सेगमेंट के EBITDA में 43% का इजाफा हुआ और यह ₹25,502 करोड़ पर पहुंच गया। वहीं, जिंक (इंडिया) का EBITDA 27% बढ़कर ₹22,056 करोड़ रहा। हालांकि, स्टील सेगमेंट के EBITDA में 69% की भारी गिरावट आई, जो केवल ₹164 करोड़ रहा।

मुख्य आंकड़े

  • रेवेन्यू FY 2025-26: ₹1,74,075 करोड़ (15% YoY वृद्धि)
  • EBITDA FY 2025-26: ₹55,976 करोड़ (29% YoY वृद्धि)
  • PAT FY 2025-26: ₹25,096 करोड़ (22% YoY वृद्धि)
  • नेट डेट/EBITDA FY 2025-26: 0.95x (पिछले साल 1.22x से गिरावट)

आगे क्या ट्रैक करें?

आने वाले समय में कंपनी के ग्रोथ कैपेक्स प्रोजेक्ट्स का एग्जीक्यूशन, डेट कम करने के प्रयास और बाहरी जोखिमों व कानूनी चुनौतियों से निपटने की क्षमता पर निवेशकों को खास ध्यान देना होगा।

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