Varmora Granito ने फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली छमाही (H1 FY27) में अपने प्रॉफिट में **498%** का जबरदस्त उछाल दर्ज किया है। कंपनी की इस कामयाबी के पीछे GVT टाइल्स की मजबूत बिक्री और **21%** बेहतर प्रोडक्ट रियलाइजेशन का बड़ा हाथ रहा है।
मुनाफे का गणित और GVT टाइल्स का कमाल
कंपनी ने इस छमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। मुनाफे में 498% की बढ़ोतरी का मुख्य कारण कंपनी का 'हाई-मार्जिन' वाले GVT (Glazed Vitrified Tiles) सेगमेंट पर फोकस करना है। आज कंपनी के कुल प्रोडक्ट मिक्स में GVT की हिस्सेदारी 86% तक पहुंच गई है। भले ही Q1 में ईंधन संबंधी दिक्कतों के कारण प्लांट बंद होने से कुछ दबाव था, लेकिन Q2 में कंपनी ने शानदार वापसी की और कैपेसिटी यूटिलाइजेशन 89% के स्तर पर पहुंच गया।
कर्ज मुक्ति की ओर बढ़ते कदम
Varmora Granito अब एक मजबूत 'डी-लीवरेजिंग' रणनीति पर काम कर रही है। अपने ₹708 करोड़ के IPO से मिली राशि में से ₹320 करोड़ का इस्तेमाल कर्ज चुकाने में किया जाएगा। इससे कंपनी का ब्याज खर्च लगभग शून्य होने की उम्मीद है। इसके अलावा, डेप्रिसिएशन कैलकुलेशन में बदलाव (SLM मेथड) से भी नेट प्रॉफिट को ₹14 करोड़ का सीधा फायदा मिला है।
ऑपरेशनल अपडेट्स और चुनौतियां
- नया प्लांट: पूर्वोत्तर (Northeast) स्थित नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट अब ऑपरेशनल है और Q4 तक इसका यूटिलाइजेशन 85%-87% तक पहुंचने की उम्मीद है।
- एक्सपोर्ट पर नजर: कंटेनर की उपलब्धता और फ्रेट खर्च के कारण एक्सपोर्ट में 18% की गिरावट देखी गई, हालांकि मैनेजमेंट के मुताबिक अब हालात सामान्य हो रहे हैं।
- गैस की कीमतें: कंपनी ने ₹80-85 प्रति SCM के औसत लागत पर गैस की व्यवस्था की है, जिससे मार्जिन स्थिर बने हुए हैं।
आगे का आउटलुक
मैनेजमेंट ने FY27 के लिए 15% वैल्यू ग्रोथ और 10% वॉल्यूम ग्रोथ का लक्ष्य रखा है। फिलहाल कंपनी का ध्यान किसी बड़े कैपेक्स के बजाय कैश फ्लो जेनरेशन और मार्जिन स्थिरता बनाए रखने पर है। मॉर्बी (Morbi) क्लस्टर में कड़ी प्रतिस्पर्धा के बावजूद कंपनी तकनीक के जरिए अपने प्रीमियम प्राइसिंग को बनाए रखने की कोशिश कर रही है।
