Tinna Rubber and Infrastructure ने शानदार Q2 नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **₹156.59 करोड़** रहा है। साथ ही, कंपनी ने चिली में नई सब्सिडियरी के साथ ग्लोबल विस्तार की तैयारी कर ली है, लेकिन पानीपत प्लांट का जमीन विवाद अभी भी सुर्खियों में है।
मुनाफे में बड़ी छलांग
Tinna Rubber and Infrastructure Limited ने 30 सितंबर, 2026 को समाप्त तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का परफॉर्मेंस काफी दमदार रहा है। कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल की इसी तिमाही के ₹119.52 करोड़ से बढ़कर ₹156.59 करोड़ पर पहुंच गया है। वहीं, नेट प्रॉफिट भी सालाना आधार पर ₹11.77 करोड़ से बढ़कर ₹17.04 करोड़ हो गया है। छमाही आधार पर देखें तो कंपनी ने ₹37.61 करोड़ का कुल मुनाफा कमाया है।
ग्लोबल विस्तार पर फोकस
कंपनी अपनी रॉ मटेरियल सप्लाई चेन को मजबूत करने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कदम बढ़ा रही है। हाल ही में कंपनी ने 'Tinna Rubber Chile SpA' को अपनी पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी (wholly-owned subsidiary) बनाया है। यह यूनिट चिली में एंड-ऑफ-लाइफ टायर, प्लास्टिक वेस्ट और स्क्रैप की खरीद को और मजबूत करने का काम करेगी।
पानीपत प्लांट पर रिस्क
निवेशकों को कंपनी के पानीपत प्लांट की स्थिति पर नजर रखनी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट द्वारा जमीन अधिग्रहण से जुड़ी एक क्यूरेटिव पिटीशन खारिज होने के बाद, HSIIDC ने ₹3.73 करोड़ की डिमांड रखी है। मैनेजमेंट फिलहाल प्लांट शिफ्ट करने की योजना पर काम कर रहा है और उन्हें सरकारी मुआवजे की उम्मीद है। हालांकि कंपनी ने इसे बहुत बड़ी बाधा नहीं माना है, लेकिन शिफ्टिंग की लागत आगे चलकर एक फैक्टर हो सकती है।
क्या कहते हैं आंकड़े?
कंपनी ने छमाही आधार पर शानदार ग्रोथ दिखाई है, जहां मुनाफा पिछले साल के ₹23.51 करोड़ के मुकाबले ₹37.61 करोड़ रहा। हालांकि, तिमाही-दर-तिमाही (Sequential) आधार पर देखें तो मुनाफे में मामूली गिरावट आई है, जो Q1 FY27 में ₹20.57 करोड़ था, जो अब घटकर ₹17.04 करोड़ हो गया है।
