Tega Industries ने 1.5 बिलियन डॉलर में Molycop को खरीद लिया है। FY26 के नतीजों में कंपनी ने **₹1,773.6 करोड़** का रेवेन्यू दर्ज किया है और **₹2** प्रति शेयर डिविडेंड की घोषणा की है।
बड़े अधिग्रहण से बदली तस्वीर
Tega Industries ने माइनिंग सर्विस सेक्टर में एक बड़ा कदम उठाते हुए Molycop का 1.5 बिलियन डॉलर (लगभग) में अधिग्रहण पूरा कर लिया है। इस डील के लिए कंपनी ने ₹1,713 करोड़ का प्रिफरेंशियल इक्विटी इश्यू और ₹1,500 करोड़ की नई डेट फैसिलिटी का सहारा लिया है। FY 2025-26 के आंकड़ों पर नजर डालें तो कंपनी का रेवेन्यू सालाना आधार पर 5% बढ़कर ₹1,773.6 करोड़ रहा, जबकि EBITDA ₹396.7 करोड़ दर्ज किया गया।
कारोबार में दम
यह अधिग्रहण कंपनी के लिए टर्निंग पॉइंट माना जा रहा है। जहां कंपनी का इक्विपमेंट डिवीजन 25% की तेजी के साथ दौड़ रहा है, वहीं Molycop के आने से ग्लोबल माइनिंग मार्केट में कंपनी की पकड़ और मजबूत होगी। चिली में नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने की योजना भी कंपनी के भविष्य की ग्रोथ को दर्शाती है।
मैनेजमेंट की राय और चुनौतियां
चेयरमैन मदन मोहन मोहंका और एमडी मेहुल मोहंका ने इसे कंपनी के 50वें साल का मील का पत्थर बताया है। हालांकि, मैनेजमेंट ने मिडिल ईस्ट और यूक्रेन-रूस युद्ध के कारण कच्चे माल की सप्लाई में आ रही दिक्कतों को लेकर सतर्कता बरती है।
निवेशकों के लिए काम की बात: इस डील के लिए लिए गए बड़े कर्ज (Debt) को चुकाना कंपनी के लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी। निवेशकों को अब कंपनी के डी-लीवरेजिंग (कर्ज कम करने) प्लान पर पैनी नजर रखनी चाहिए।
आगे क्या होगा?
कंपनी की 50वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 24 सितंबर, 2026 को तय की गई है। यहां शेयरहोल्डर्स ₹2 प्रति शेयर के डिविडेंड पर अपनी मुहर लगाएंगे और कॉर्पोरेट अपडेट्स पर चर्चा होगी।
