TIL Limited: ₹30.86 करोड़ के शुद्ध घाटे के बीच बड़ी अधिग्रहण की घोषणा
TIL Limited ने वित्तीय वर्ष 2026 (FY26) के लिए ₹30.86 करोड़ का शुद्ध घाटा (Net Loss) दर्ज किया है। यह पिछले वित्तीय वर्ष 2025 (FY25) में दर्ज किए गए ₹2.90 करोड़ के मुनाफे के बिल्कुल विपरीत है। इस अवधि के लिए कंपनी का कुल रेवेन्यू ₹337.36 करोड़ रहा, जो पिछले साल के ₹343.07 करोड़ से मामूली कम है।
क्या हुआ और क्यों महत्वपूर्ण है?
कंपनी के नतीजों में गिरावट का मुख्य कारण उच्च फाइनेंसिंग लागत, मुद्रा दबाव और विवादों के निपटारे से जुड़े एकमुश्त खर्च थे। इसके चलते EBITDA में 54.12% की भारी गिरावट आई है और यह ₹40.24 करोड़ से घटकर ₹18.46 करोड़ रह गया। EBITDA मार्जिन भी घटकर 5.47% हो गया, जो पिछले साल 11.73% था।
इन चुनौतियों के बावजूद, कंपनी के लिए एक अच्छी खबर यह है कि मुख्य मशीन बिक्री में 4% की वृद्धि हुई है और यह ₹265.33 करोड़ तक पहुंच गई है। इससे कंपनी की परिचालन क्षमता का पता चलता है।
क्लीन एनर्जी में कदम
इस नतीजों के बीच, कंपनी के बोर्ड ने मई 2026 में Tulip Compression Private Limited (TCPL) में बहुमत हिस्सेदारी के अधिग्रहण को मंजूरी दे दी है। यह कदम TIL के लिए क्लीन एनर्जी और रक्षा क्षेत्रों में प्रवेश का मार्ग खोलेगा। TCPL, LNG और हाइड्रोजन पावरपैक के क्षेत्र में विशेषज्ञता रखती है।
आगे क्या?
विवादों के निपटारे से कंपनी की देनदारियों में कमी आई है, जिससे वित्तीय लचीलापन बढ़ सकता है। कंपनी का ऑर्डर बुक ₹274 करोड़ का है, जो निकट भविष्य के लिए व्यापार की दृश्यता प्रदान करता है। निवेशक अब FY27 में Tulip Compression के अधिग्रहण से होने वाले लाभ और कंपनी की परिचालन चुनौतियों से निपटने की क्षमता पर बारीकी से नज़र रखेंगे।
