Synergy Green Share Price: इनकम बढ़ी पर प्रॉफिट 72% गिरा! ₹217 Cr के एक्सपेंशन का असर

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Synergy Green Share Price: इनकम बढ़ी पर प्रॉफिट 72% गिरा! ₹217 Cr के एक्सपेंशन का असर

Synergy Green Industries ने FY26 के लिए **₹376.37 करोड़** की इनकम रिपोर्ट की है, जो पिछले साल से **3.5%** ज्यादा है। हालांकि, नेट प्रॉफिट में **72.4%** की भारी गिरावट आई है और यह घटकर **₹4.66 करोड़** रह गया है। कंपनी ने **₹217 करोड़** का ब्राउनफील्ड एक्सपेंशन पूरा किया है, जिसकी लागत नतीजों पर भारी पड़ी है।

Synergy Green Industries के FY26 नतीजे

Synergy Green Industries ने पिछले फाइनेंशियल ईयर (2025-26) के लिए ₹376.37 करोड़ का कुल रेवेन्यू दर्ज किया है। यह पिछले फाइनेंशियल ईयर (2024-25) के ₹363.68 करोड़ की तुलना में 3.5% की बढ़ोतरी दिखाता है।

लेकिन, कंपनी के मुनाफे (Profit After Tax - PAT) में भारी गिरावट आई है। PAT 72.4% घटकर ₹4.66 करोड़ पर आ गया है, जबकि पिछले साल यह ₹16.89 करोड़ था। EBITDA भी 8.1% गिरकर ₹49.32 करोड़ रहा।

एक्सपेंशन का असर

इस साल कंपनी के नतीजों पर उसके बड़े एक्सपेंशन प्रोजेक्ट्स का असर साफ दिख रहा है। टॉप-लाइन में मामूली बढ़ोतरी हुई, लेकिन मुनाफे पर कई वजहों से दबाव पड़ा। इनमें शामिल हैं:

  • एक्सपेंशन से जुड़े ओवरहेड्स (overhead costs)
  • बढ़ा हुआ मैनपावर कॉस्ट
  • कमोडिटी और एनर्जी की बढ़ती कीमतें
  • कर्ज लेकर किए गए कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) के कारण बढ़ा हुआ फाइनेंस कॉस्ट (finance cost)

₹217 करोड़ का बड़ा कदम

Synergy Green Industries ने इस दौरान ₹217 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर प्रोग्राम पूरा किया है। इसमें फाउंड्री कैपेसिटी बढ़ाना, कास्टिंग वेट कैपेबिलिटी में सुधार, एक नई मशीनिंग और सरफेस ट्रीटमेंट फैसिलिटी चालू करना, और अपनी सोलर पावर जेनरेशन क्षमता को बढ़ाना शामिल है।

आगे क्या उम्मीद है?

कंपनी का मैनेजमेंट अगले फाइनेंशियल ईयर (2026-27) में मार्जिन में सुधार और डबल-डिजिट रेवेन्यू ग्रोथ की उम्मीद कर रहा है। नई फैसिलिटीज के चालू होने से यह संभव होगा। FY27 के लिए कंपनी का एग्जीक्यूटेबल ऑर्डर बुक 33% से ज्यादा बढ़कर ₹500 करोड़ से ऊपर जाने का अनुमान है।

जोखिम (Risks)

फिलहाल मार्जिन पर दबाव एक बड़ी चिंता है (EBITDA मार्जिन 14.8% से घटकर 13.1% हो गया है)। कंपनी अपनी 80% से ज्यादा आय के लिए विंड एनर्जी सेक्टर पर निर्भर है। इसके अलावा, डेट-इक्विटी रेशियो (Debt-Equity Ratio) बढ़कर 2.25 हो गया है।

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