Suryavanshi Spinning Mills ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में **₹1.32 करोड़** का मुनाफा दर्ज कर शानदार वापसी की है। कंपनी ने अब अपना फोकस डिफेंस सेक्टर की ओर शिफ्ट कर लिया है, जिससे उसे Munitions India Limited से नए कॉन्ट्रैक्ट मिले हैं।
मुनाफे की राह पर वापसी
कंपनी के लिए पिछला साल काफी कठिन रहा था, जब उसे ₹1.68 करोड़ का नुकसान हुआ था। हालांकि, इस बार कंपनी ने जबरदस्त बाजी पलटते हुए ₹1.32 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया है। कंपनी का टोटल रेवेन्यू भी पिछले साल के ₹2.64 करोड़ से बढ़कर इस बार ₹6.92 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया है।
डिफेंस सेक्टर में नई पारी
सिकंदराबाद में आयोजित 47वीं एजीएम (AGM) में कंपनी ने बताया कि उन्होंने 'ब्लीच्ड कॉटन लिंटर पल्प' के लिए नई प्रोडक्शन लाइन पूरी तरह से सेटअप कर ली है। इस मटेरियल का इस्तेमाल Munitions India Limited द्वारा गोला-बारूद बनाने में किया जा रहा है, जो कंपनी के लिए कमाई का एक नया और स्थिर जरिया बन गया है।
गवर्नेंस पर उठे सवाल
एक तरफ जहां डिफेंस ऑर्डर्स से उम्मीदें बढ़ी हैं, वहीं दूसरी तरफ ऑडिटर्स (M/s K.S. Rao & Co.) ने कुछ गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ऑडिट रिपोर्ट में ₹2.06 करोड़ के लंबे समय से लंबित ट्रेड पेबल्स (Trade Payables) को लेकर आपत्ति जताई गई है। इसके अलावा, कंपनी ने अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर में अनिवार्य 'ऑडिट ट्रेल' (Audit Trail) फीचर को भी इनेबल नहीं किया था, जो रेगुलेटरी नियमों का उल्लंघन है। हालांकि, मैनेजमेंट का दावा है कि ये देनदारियां अभी भी सक्रिय हैं।
भविष्य की योजनाएं
कैपिटल को बचाने के लिए कंपनी ने फिलहाल डिविडेंड नहीं देने का फैसला किया है। साथ ही, अगले फाइनेंशियल ईयर के लिए कंपनी Rishikesh Yarns के साथ ₹50 करोड़ और Sheshadri Industries Limited व Suryavanshi Industries Limited के साथ ₹5 करोड़ तक के ट्रांजेक्शन के लिए शेयरहोल्डर्स की मंजूरी मांग रही है।
