Sunita Tools Limited ने 31 जुलाई, 2026 तक की चार महीने की अवधि के लिए शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी ने **₹31.95 करोड़** की नेट सेल्स रिपोर्ट की है और इसका कुल ऑर्डर बुक **₹576 करोड़** तक पहुंच गया है, जिसमें डिफेंस सेक्टर का बड़ा योगदान है।
डिफेंस ऑर्डर से कंपनी को मिला बूस्ट
Sunita Tools के लिए सबसे बड़ी राहत की बात इसका मजबूत ऑर्डर बुक है, जो ₹576 करोड़ के स्तर पर है। इसमें से ₹552 करोड़ के ऑर्डर सिर्फ डिफेंस सेक्टर से आए हैं, जो आने वाले समय में कंपनी की रेवेन्यू विजिबिलिटी को काफी सुरक्षित बनाते हैं। कंपनी ने पोर्टफोलियो डायवर्सिफाई करने के लिए एक कैपिटल गुड्स बनाने वाली कंपनी में 90% हिस्सेदारी भी खरीदी है, जो कि कंपनी की फॉरवर्ड इंटीग्रेशन रणनीति का हिस्सा है।
कैपेसिटी में हुआ विस्तार
कंपनी ने अपनी सब्सिडियरी Sunita Leoquip Aerospace Private Limited की मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी को बढ़ाने के लिए कदम उठाए हैं। YANTARANG CNC Machines India से 2 नई CNC टर्निंग मशीनें खरीदी गई हैं, ताकि एयरोस्पेस सेक्टर के जटिल और अल्ट्रा-प्रिसिजन ऑर्डर्स को आसानी से पूरा किया जा सके।
निवेशकों के लिए जोखिम और आगे की राह
हालांकि कंपनी का ऑर्डर बुक मजबूत है, लेकिन निवेशकों को दो बातों पर ध्यान देना होगा:
- इंटीग्रेशन रिस्क: नई खरीदी गई कंपनी को अपने ऑपरेशंस में शामिल करना एक बड़ी चुनौती हो सकती है।
- डिफेंस पर निर्भरता: कंपनी की अधिकांश कमाई डिफेंस कॉन्ट्रैक्ट्स पर टिकी है, इसलिए सरकारी नीतियों में बदलाव का असर सीधे बिजनेस पर पड़ सकता है।
अगले 2 क्वार्टर में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह नया अधिग्रहण कंपनी के बॉटम लाइन में कितना योगदान देता है।
