Siyaram Recycling Industries ने 30 सितंबर, 2026 को समाप्त छमाही के लिए अपने नतीजे घोषित कर दिए हैं। कंपनी का रेवेन्यू तो बढ़कर **₹230.03 करोड़** पहुंच गया है, लेकिन नेट प्रॉफिट में गिरावट दर्ज की गई है।
मुनाफे में क्यों आई गिरावट?
कंपनी ने अपने ऑपरेशंस का दायरा तो बढ़ाया है, जिसका असर टॉप-लाइन पर दिख रहा है। पिछले साल की समान छमाही में रेवेन्यू ₹211.85 करोड़ था, जो अब बढ़कर ₹230.03 करोड़ हो गया है। हालांकि, नेट प्रॉफिट के मोर्चे पर निवेशकों को थोड़ी मायूसी हाथ लगी है। मुनाफा पिछले साल के ₹3.08 करोड़ से घटकर इस बार ₹2.64 करोड़ पर आ गया है।
बिजनेस पर असर
मुनाफे में यह कमी संकेत देती है कि कंपनी को इनपुट कॉस्ट या ऑपरेटिंग खर्चों के मोर्चे पर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि, कामकाज के विस्तार से कंपनी का मार्केट में प्रभाव बढ़ रहा है, लेकिन मार्जिन को मैनेज करना अब मैनेजमेंट के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
ऑडिट और गवर्नेंस
इन नतीजों को 29 अक्टूबर, 2026 को बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने मंजूरी दी है। स्टैच्युटरी ऑडिटर 'Kamlesh Rathod & Associates' ने अपनी रिपोर्ट में किसी भी तरह की गड़बड़ी न मिलने की पुष्टि की है और इसे 'unmodified limited review report' बताया है।
आगे क्या?
अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि कंपनी दूसरी छमाही में मार्जिन सुधारने के लिए क्या कदम उठाती है और मैनेजमेंट इन चुनौतियों पर क्या रुख अपनाता है।
