Sical Logistics Limited ने Central Coalfields Limited के साथ एक बड़ा करार किया है। कंपनी को **₹534.73 करोड़** का **5** साल का कॉन्ट्रैक्ट मिला है, जिससे कंपनी के मिड-टर्म रेवेन्यू को काफी मजबूती मिलेगी।
माइनिंग सेक्टर में बड़ी हलचल
Sical Logistics Limited के हाथ एक बड़ा सरकारी प्रोजेक्ट लगा है। कंपनी को Central Coalfields Limited से ₹534.73 करोड़ का लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस (LOA) मिला है। इस प्रोजेक्ट के तहत कंपनी झारखण्ड के बोकारो जिले में स्थित SDOC माइन में 'हैवी अर्थ मूविंग मशीनरी' (HEMM) के जरिए कोयला निकालने और ओवरबर्डन हटाने का काम करेगी।
क्यों खास है यह कॉन्ट्रैक्ट?
यह प्रोजेक्ट पूरे 5 साल तक चलेगा, जिससे कंपनी को अगले 1,825 दिनों तक एक स्थिर रेवेन्यू मिलता रहेगा। इस काम में 537.888 लाख क्यूबिक मीटर ओवरबर्डन हटाना और 91.036 लाख टन कोयले का एक्सट्रैक्शन शामिल है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह कॉन्ट्रैक्ट पूरी तरह से पारदर्शी बिडिंग प्रोसेस से मिला है और इसमें कोई रिलेटेड-पार्टी ट्रांजेक्शन शामिल नहीं है।
निवेशकों के लिए क्या है रिस्क?
भले ही यह ऑर्डर रेवेन्यू के नजरिए से शानदार दिख रहा है, लेकिन निवेशकों को कंपनी के मार्जिन पर नजर रखनी होगी। इस तरह के बड़े प्रोजेक्ट्स में काम की रफ्तार, सरकारी क्लीयरेंस और मशीनरी के रख-रखाव में होने वाली देरी मुनाफे पर असर डाल सकती है। मार्केट अब इस बात पर नजर रखेगा कि कंपनी कितनी जल्दी ऑन-साइट मशीनरी मोबिलाइज करती है और काम शुरू करती है।
