Schneider Electric President Systems ने अपनी 42वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 24 सितंबर, 2026 को बुलाई है। कंपनी के एजेंडे में FY26 के फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स और ट्रांजैक्शन लिमिट्स की मंजूरी शामिल है। हाल ही में BSE पर लिस्ट हुई इस कंपनी का रेवेन्यू **₹3,842.25 मिलियन** रहा है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी ने FY 2025-26 के लिए ₹3,842.25 मिलियन का रेवेन्यू दर्ज किया है, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर (₹4,569.86 मिलियन) के मुकाबले थोड़ा कम है। कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹377.29 मिलियन रहा, जबकि अर्निंग्स पर शेयर (EPS) ₹31.19 दर्ज की गई है। मैनेजमेंट का कहना है कि उन्होंने जानबूझकर कम मार्जिन वाले बिजनेस से दूरी बनाई है, ताकि कैश फ्लो को बेहतर रखा जा सके।
AGM में क्या होगा खास?
- ऑडिटर्स की नियुक्ति: कंपनी S N Dhawan & CO LLP को अगले 5 साल के लिए दोबारा स्टैच्यूटरी ऑडिटर नियुक्त करने पर मंजूरी मांगेगी।
- ट्रांजैक्शन लिमिट्स: FY 2026-27 के लिए रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन लिमिट्स को अपडेट किया जाएगा। इसमें ग्लोबल IT बिजनेस के लिए ₹170 करोड़ और इंडियन प्राइवेट एंटिटी के लिए ₹150 करोड़ की लिमिट का प्रस्ताव है।
लीडरशिप में बदलाव
फरवरी 2026 में मैरियम्मा मायलोथ (Mariamma Myloth) ने होल-टाइम डायरेक्टर और CFO के तौर पर कमान संभाली है। वहीं, अगस्त 2026 से देवेंद्र कुमार शर्मा (Devendra Kumar Sharma) ने इंटरनल ऑडिटर की जिम्मेदारी ली है। कंपनी पूरी तरह से डेट-फ्री (debt-free) है और आगे के निवेश पर जोर दे रही है।
