Salora International का FY26 में ₹4.07 करोड़ का नेट लॉस, रेवेन्यू में भारी गिरावट
Salora International ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष के लिए अपने ऑडिटेड वित्तीय नतीजों का ऐलान किया है। कंपनी ने पूरे साल के लिए ₹4.07 करोड़ (₹407.46 लाख) का नेट लॉस दर्ज किया है। यह पिछले वित्त वर्ष में दर्ज ₹1.33 करोड़ के लॉस से काफी ज्यादा है।
इसके साथ ही, कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशन्स (Revenue from operations) में 59.53% की भारी गिरावट आई है, जो घटकर ₹61.07 करोड़ (₹6,107.45 लाख) रह गया, जबकि पिछले साल यह ₹150.90 करोड़ था।
नतीजों पर ₹2.38 करोड़ के राइट-ऑफ का असर
इन नतीजों पर ₹2.38 करोड़ के एक खास राइट-ऑफ (exceptional write-off) का भी असर पड़ा है। कंपनी ने इसका कारण प्रतिकूल कारोबारी माहौल बताया है, जिसके चलते अनएब्जॉर्ब्ड बिजनेस लॉसेज (unabsorbed business losses) पर डेफर्ड टैक्स एसेट्स (deferred tax assets) का उपयोग नहीं हो पा रहा है।
निवेशकों के लिए चिंता का सबब
बढ़ता नेट लॉस और रेवेन्यू में यह तेज गिरावट Salora International के बिजनेस ऑपरेशन्स के लिए बड़ी चुनौती को दर्शाती है। खास राइट-ऑफ ने इन मुश्किलों को और उजागर किया है। निवेशक अब मैनेजमेंट की इस ट्रेंड को पलटने और प्रॉफिटेबिलिटी (profitability) सुधारने की क्षमता पर बारीकी से नजर रखेंगे। सुप्रीम कोर्ट में चल रहा मामला भी एक आकस्मिक देनदारी (contingent liability) पेश करता है।
आगे क्या?
कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नए इंटरनल और कॉस्ट ऑडिटर नियुक्त किए हैं। मैनेजमेंट भविष्य में ₹20.39 करोड़ के डेफर्ड टैक्स एसेट्स को वसूलने को लेकर आशावादी है, जिसका आधार उसका बेहतर प्रोडक्ट पोर्टफोलियो और मार्केट पेनेट्रेशन (market penetration) व ऑपरेशनल एफिशिएंसी (operational efficiency) पर केंद्रित नई रणनीति है।
