Raymond Ltd के नतीजों में दमदार उछाल देखने को मिला है। कंपनी की कंसोलिडेटेड इनकम सालाना आधार पर **21%** बढ़कर **₹683 करोड़** हो गई है, जिसमें एयरोस्पेस सेगमेंट का बड़ा योगदान रहा है।
मुनाफे का मुख्य इंजन: एयरोस्पेस और इंजीनियरिंग
कंपनी ने दूसरी तिमाही (Q2 FY27) में शानदार ₹683 करोड़ की आय दर्ज की है। वहीं, पहली छमाही (H1) के लिए कुल आय 17% बढ़कर ₹1,311 करोड़ रही है। एयरोस्पेस डिवीजन की बात करें तो इसमें 72% का बड़ा उछाल देखने को मिला और रेवेन्यू ₹139 करोड़ तक पहुंच गया। इस सेगमेंट का EBITDA मार्जिन 21% रहा है, जो इसकी मजबूती को दर्शाता है। इसके अलावा, प्रिसिजन टेक्नोलॉजी और ऑटो कंपोनेंट्स सेगमेंट भी 15% की ग्रोथ के साथ ₹471 करोड़ पर पहुंच गया है।
भविष्य की रणनीति और विस्तार
Raymond अपनी इंजीनियरिंग क्षमता को बढ़ाने के लिए अगले पांच वर्षों में ₹1,000 करोड़ का कैपेक्स (Capex) प्लान लेकर चल रही है। आंध्र प्रदेश में नया ग्रीनफील्ड प्लांट Q3 FY28 तक शुरू होने की उम्मीद है। कंपनी ने अब ऑटोमोटिव आफ्टरमार्केट सेगमेंट में भी कदम रखा है और 800 नए पार्ट नंबर लॉन्च किए हैं, जो कंपनी के मार्जिन में सुधार ला सकते हैं।
रिस्क फैक्टर और सतर्कता
भले ही कंपनी नेट डेट-फ्री है, लेकिन भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tensions) के चलते लॉजिस्टिक और फ्रेट कॉस्ट का बढ़ना एक चिंता का विषय बना हुआ है। इसके अलावा, नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स के लिए ग्राहकों से अप्रूवल मिलने में 3 से 9 महीने का समय लग सकता है, जिस पर निवेशकों को नजर रखनी होगी।
