Rama Steel Tubes ने FY26 के नतीजों में **7.26%** की रेवेन्यू ग्रोथ के साथ **₹1,124.12 करोड़** का कारोबार दर्ज किया है, हालांकि नेट प्रॉफिट **51.87%** गिरकर **₹10.95 करोड़** रह गया है।
मुनाफे पर दबाव का असली कारण
कंपनी ने इस साल 10.19% की वॉल्यूम ग्रोथ के साथ 2,15,114 MT का उत्पादन किया है। हालांकि, मुनाफे में भारी गिरावट के पीछे मुख्य वजह रॉ मटेरियल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और बिजनेस एक्सपेंशन का खर्च है। कंपनी अपनी लागत को ग्राहकों तक पूरी तरह शिफ्ट नहीं कर पाई, जिसका असर सीधे बॉटम-लाइन पर पड़ा है।
भविष्य की रणनीति और बदलाव
Rama Steel Tubes अब कमोडिटी-केंद्रित स्टील मेकर से हटकर ग्रीन एनर्जी और स्पेशलाइज्ड इंजीनियरिंग की ओर बढ़ रही है। कंपनी का यूएई (UAE) की Automech Group Holding Limited का अधिग्रहण इस दिशा में बड़ा कदम है। इसके अलावा, कंपनी ने साहिबाबाद स्थित अपनी गैर-जरूरी जमीन बेचकर लिक्विडिटी बढ़ाने का काम किया है।
प्रमुख चिंताएं और रिस्क
कंपनी के मार्जिन पर गहरा दबाव दिख रहा है। कंसोलिडेटेड EBITDA मार्जिन पिछले साल के 2.77% से घटकर इस साल 1.51% पर आ गया है। इसके अलावा, दिल्ली हाई कोर्ट में स्टैंप ड्यूटी से जुड़ा एक कानूनी विवाद भी कंपनी के लिए चुनौती बना हुआ है।
बैलेंस शीट का प्लस पॉइंट
कंपनी ने अपनी वित्तीय स्थिति में सुधार किया है। डेट-टू-इक्विटी (Debt-to-Equity) रेश्यो 0.24 से घटकर 0.16 हो गया है। साथ ही, लेपाक्षी (Lepakshi) प्लांट शुरू होने से कैपेसिटी यूटिलाइजेशन 58% से बढ़कर 61% हो गया है।
