Radha Madhav Corporation: कमाई जीरो, शेयर सस्पेंडेड! निवेशकों के लिए बढ़ी मुश्किलें

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AuthorAditya Rao|Published at:
Radha Madhav Corporation: कमाई जीरो, शेयर सस्पेंडेड! निवेशकों के लिए बढ़ी मुश्किलें

Radha Madhav Corporation ने FY26 के लिए अपना रिपोर्ट कार्ड जारी किया है, जिसमें ऑपरेशनल रेवेन्यू **0** रहा है। NCLT की प्रक्रिया के बीच कंपनी के शेयर अब भी BSE और NSE पर सस्पेंडेड हैं।

फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का हाल

कंपनी ने अपने फाइनेंशियल ईयर FY26 के नतीजे घोषित किए हैं, जिसमें ऑपरेशनल रेवेन्यू पूरी तरह से ₹0 रहा है। कंपनी को पूरे साल में ₹4.04 मिलियन का नेट लॉस हुआ है। हालांकि, अन्य स्रोतों से कंपनी को ₹15.23 मिलियन की कुल आय जरूर हुई है, लेकिन मुख्य कारोबार फिलहाल ठप पड़ा है। पिछले साल कंपनी ने ₹1.40 मिलियन का ऑपरेशनल रेवेन्यू दर्ज किया था, जो इस साल गायब हो गया है।

क्यों बंद है ट्रेडिंग?

कंपनी NCLT द्वारा मंजूर किए गए रिवाइवल प्लान के तहत गुजर रही है, लेकिन एक्सचेंज पर ट्रेडिंग बहाल नहीं हो पाई है। भले ही कंपनी ने प्रत्येक एक्सचेंज को ₹1.27 करोड़ से ज्यादा की पेनल्टी चुका दी है, फिर भी लिस्टिंग फीस से जुड़ी प्रक्रियात्मक देरी के कारण BSE और NSE पर शेयर फिलहाल सस्पेंडेड हैं।

बड़ा अपडेट: मैनेजमेंट और डील

  • लीडरशिप बदलाव: नितिन जैन को होल-टाइम डायरेक्टर और CFO बनाया गया है, साथ ही विजय पटेल को भी होल-टाइम डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। दोनों का कार्यकाल 31 अगस्त 2026 से शुरू हुआ है।
  • अधिग्रहण का पेंच: Phytoatomy Private Limited के अधिग्रहण की घोषणा नवंबर 2023 में हुई थी, जो अभी भी अधूरी है। कंपनी की ओनरशिप में अब तक कोई बदलाव नहीं आया है।

निवेशकों के लिए जोखिम

फिलहाल, कंपनी का कारोबार शुरू न हो पाना और Phytoatomy के साथ डील का लटकना सबसे बड़े रिस्क बने हुए हैं। जब तक ऑपरेशनल कैश फ्लो नहीं बनता, कंपनी का भविष्य अनिश्चित बना रहेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.