Precision Wires India Ltd ने गुजरात के जरोली स्थित अपने नए रिफाइनिंग और रीसायकलिंग प्लांट में कॉपर कैथोड का कमर्शियल प्रोडक्शन शुरू कर दिया है।
प्लांट में हुआ कामकाज शुरू
कंपनी ने जरोली, गुजरात में अपनी नई रिफाइनिंग और रीसायकलिंग यूनिट में आधिकारिक तौर पर प्रोडक्शन शुरू कर दिया है। यह वही प्लांट है जिसके निर्माण की घोषणा कंपनी ने 17 सितंबर, 2026 को की थी। अब यह प्रोजेक्ट कंस्ट्रक्शन फेज से निकलकर रेवेन्यू जनरेशन की दिशा में आगे बढ़ गया है।
इस कदम का महत्व
यह कदम कंपनी की 'बैकवर्ड इंटीग्रेशन' रणनीति का हिस्सा है। अब तक कंपनी कच्चे माल के लिए बाहरी स्रोतों पर निर्भर थी, लेकिन अब खुद के प्लांट में रीसाइकिल कॉपर का इस्तेमाल करके कंपनी अपनी परिचालन लागत (Operating Costs) को बेहतर ढंग से मैनेज कर सकेगी। यह नया सेटअप न केवल सस्टेनेबिलिटी और ESG मानकों को पूरा करता है, बल्कि कंपनी की सप्लाई चेन पर पकड़ भी मजबूत करेगा।
निवेशकों की नजरें क्या रखें?
आने वाले समय में निवेशकों को कंपनी की तिमाही नतीजों पर पैनी नजर रखनी चाहिए। जरोली प्लांट की उत्पादन क्षमता और इससे रॉ मटेरियल की लागत में होने वाली बचत का सीधा असर कंपनी के मार्जिन पर दिखेगा। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि कंपनी कितनी तेजी से इस नई क्षमता का पूरा लाभ उठा पाती है।
