Prabhatam Infra Venture Ltd के लिए FY26 का फाइनेंशियल ईयर काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। कंपनी ने **₹62.38 लाख** का नेट लॉस रिपोर्ट किया है और फिलहाल कंपनी का ऑपरेशन्स पूरी तरह से ठप है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी के हालिया नतीजों के मुताबिक, FY26 में कंपनी का नेट लॉस बढ़कर ₹62.38 लाख पर पहुंच गया है, जबकि पिछले साल यह ₹21.23 लाख था। कंपनी का टोटल इनकम सिर्फ ₹0.90 लाख रहा, जबकि खर्चे उछलकर ₹71.39 लाख हो गए।
क्यों कंपनी है 'ऑपरेशनल लिम्बो' में?
मैनेजमेंट ने भले ही अपना ध्यान 'इंफ्रास्ट्रक्चर' और 'रियल एस्टेट डेवलपमेंट' की ओर मोड़ा है, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि कंपनी अभी भी कोई बिजनेस ऑपरेशन शुरू नहीं कर पाई है।
कैपिटल और ऑडिट में बदलाव
आने वाले समय के लिए फंड जुटाने के उद्देश्य से, 8 मई, 2026 को शेयरहोल्डर्स ने ऑथराइज्ड शेयर कैपिटल को ₹12 करोड़ से बढ़ाकर ₹25 करोड़ करने की मंजूरी दी। इसके बाद पेड-अप कैपिटल को ₹22.15 करोड़ किया गया है।
साथ ही, कंपनी के गवर्नेंस स्ट्रक्चर में भी बदलाव देखने को मिला है:
- स्टैच्युटरी ऑडिटर्स: M/s V. R. Bansal & Associates के इस्तीफे के बाद M/s AD Goyal & Associates ने जिम्मेदारी संभाली है।
- सेक्रेटेरियल ऑडिटर्स: M/s Parveen Rastogi & Co. अब नई सेक्रेटेरियल ऑडिटर हैं।
निवेशकों के लिए सलाह
फिलहाल कंपनी के पास कोई रेवेन्यू नहीं है। अब निवेशकों को यह देखना होगा कि जुटाई गई नई पूंजी से कंपनी कब और कौन से रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स शुरू करती है।
