Power and Instrumentation (Gujarat) Ltd के नतीजे काफी शानदार रहे हैं। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में ₹218.76 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज कर ₹200 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है, जबकि नेट प्रॉफिट बढ़कर ₹14.84 करोड़ पहुंच गया है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी ने अपने फाइनेंशियल रिजल्ट्स में जबरदस्त मजबूती दिखाई है। पिछले फाइनेंशियल ईयर के ₹168.84 करोड़ के मुकाबले कंपनी का रेवेन्यू अब ₹218.76 करोड़ पर पहुंच गया है। वहीं, नेट प्रॉफिट भी ₹11.76 करोड़ से बढ़कर ₹14.84 करोड़ दर्ज किया गया है।
बड़े ऑर्डर और फ्यूचर पाइपलाइन
कंपनी के पास फिलहाल ₹390 करोड़ से ज्यादा का ऑर्डर बुक मौजूद है। इसमें Ajmer Vidyut Vitran Nigam का ₹173.34 करोड़ का इंफ्रास्ट्रक्चर कॉन्ट्रैक्ट और Udaipur Air Terminal का ₹57.89 करोड़ का काम शामिल है। इसके अलावा, ₹500 करोड़ के पेंडिंग टेंडर पाइपलाइन में होने से भविष्य की कमाई का रास्ता साफ दिख रहा है।
रणनीतिक बदलाव
कंपनी ने अपनी सब्सिडियरी, Peaton Electricals में हिस्सेदारी बढ़ाकर 60% कर ली है, जिससे स्विचबोर्ड और बसडक्ट मैन्युफैक्चरिंग में वर्टिकल इंटीग्रेशन का फायदा मिलेगा। साथ ही, मैनेजमेंट ने 'PIGL ESOP Scheme 2026' को भी मंजूरी दी है, ताकि टैलेंट को लंबे समय तक जोड़ा जा सके।
रिस्क फैक्टर
निवेशकों को कंपनी के भौगोलिक विस्तार पर ध्यान देना चाहिए, क्योंकि कामकाज का बड़ा हिस्सा अभी भी गुजरात और आसपास के इलाकों तक सीमित है। बड़े प्रोजेक्ट्स के एग्जीक्यूशन में पेमेंट साइकिल और लागत बढ़ने जैसी चुनौतियों पर नजर रखना जरूरी होगा।
