Organic Recycling Systems ने FY26 के शानदार नतीजे पेश किए हैं, जिसमें रेवेन्यू **117%** बढ़कर **₹105 करोड़** और मुनाफा **₹25 करोड़** पर पहुंच गया है। कंपनी अब EPC मॉडल से हटकर 'Build-Own-Operate' (BOO) मॉडल की ओर शिफ्ट हो रही है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस
कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। रेवेन्यू ₹105.07 करोड़ (117.14% की बढ़त) और नेट प्रॉफिट ₹25.08 करोड़ (60.56% की बढ़त) रहा। कंपनी ने इस बार डिविडेंड न देकर अपना सारा कैपिटल बिजनेस विस्तार और बायो-एनर्जी प्लेटफॉर्म पर लगाने का फैसला किया है।
बिजनेस मॉडल में बड़ा बदलाव
कंपनी अब EPC बिजनेस से निकलकर Build-Own-Operate (BOO) मॉडल पर दांव लगा रही है, ताकि भविष्य में कंपनी को लगातार और फिक्स्ड कैश फ्लो मिल सके। इसके अलावा, Industrial Associates के अधिग्रहण के साथ कंपनी अब 'ग्रीन केमिकल्स' सेगमेंट में भी एंट्री ले रही है।
फंड जुटाने की तैयारी और पाइपलाइन
कंपनी के प्रमोटर सारंग भंड को 10,00,000 शेयर ₹161 प्रति शेयर के भाव पर जारी किए जाएंगे, जिससे ₹16.10 करोड़ जुटाए जाएंगे। फिलहाल कंपनी के पास ₹100 करोड़ की ऑर्डर बुक है और ₹200–300 करोड़ की नई पाइपलाइन भी मौजूद है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
निवेशकों को यह समझना होगा कि BOO मॉडल काफी कैपिटल-इंटेंसिव है, जिसमें शुरुआती निवेश बहुत ज्यादा होता है। साथ ही, लैंड एक्विजिशन और रेगुलेटरी देरी जैसे रिस्क भी बने हुए हैं। फिलहाल कंपनी का EBITDA मार्जिन 29.40% है, जो केमिकल्स बिजनेस में विस्तार के चलते थोड़ा मॉडरेट हुआ है।
आगे क्या होगा?
मैनेजमेंट ने FY27 के लिए 30% की रेवेन्यू ग्रोथ का लक्ष्य रखा है। अब बाजार की नजर इस बात पर होगी कि कंपनी अपने ₹500-600 करोड़ के प्रोजेक्ट पाइपलाइन को कितनी तेजी से एग्जीक्यूट कर पाती है।
