Nile Ltd ने वित्त वर्ष 2026 में रिकॉर्ड प्रदर्शन किया है। कंपनी ने **₹1,044.57 करोड़** का रेवेन्यू और **₹55.14 करोड़** का नेट प्रॉफिट हासिल किया है। इस बीच, कंपनी ने अपनी 42वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) की तारीख **30 सितंबर, 2026** तय कर दी है।
ऐतिहासिक प्रदर्शन और डिविडेंड
Nile Ltd के लिए पिछला फाइनेंशियल ईयर बेहद शानदार रहा। कंपनी का नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹36.34 करोड़ से बढ़कर ₹55.14 करोड़ पर पहुंच गया है। कंपनी ने ₹5 प्रति शेयर का अंतरिम डिविडेंड पहले ही चुका दिया है, जिसकी पुष्टि AGM में की जाएगी। इसके अलावा, संदीप वुय्युरु रमेश को फिर से 3 साल के लिए मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर नियुक्त किया जाएगा।
कारोबार की स्थिति
कंपनी की लेड (Lead) डिवीजन ग्रोथ की मुख्य इंजन रही है, जिसने ₹1,029.52 करोड़ का योगदान दिया। यह पिछले साल के मुकाबले 15.67% की बढ़ोतरी है। हालांकि, कंपनी ने विंडमिल सेगमेंट से अपना कामकाज समेट लिया है, क्योंकि आंध्र प्रदेश ट्रांसमिशन कॉर्पोरेशन के साथ उनका पावर परचेज एग्रीमेंट खत्म हो गया है।
भविष्य की चुनौतियां (Risk Factors)
कंपनी के सामने कुछ गंभीर चुनौतियां भी हैं:
- फीडस्टॉक की कमी: Li-Cycle फैसिलिटी के लिए बैटरी का रॉ मटेरियल जुटाना मुश्किल हो रहा है।
- रेगुलेटरी बाधाएं: 'ब्लैक मास' को खतरनाक कचरे (Hazardous Waste) के रूप में री-क्लासिफाई करने से एक्सपोर्ट में भारी दिक्कतें आ रही हैं, जिसके लिए नए लाइसेंस की जरूरत है।
- क्लाइंट पर निर्भरता: निवेशकों को कंपनी के मुख्य क्लाइंट Amara Raja Energy & Mobility Limited के साथ संबंधों और कामकाज पर नजर रखनी चाहिए।
कंपनी अब अपनी पहुंच दुबई और मोजाम्बिक जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बढ़ा रही है, जो भविष्य के लिए अहम साबित हो सकता है।
