Mukka Proteins ने दमदार नतीजों का ऐलान किया है। कंपनी का रेवेन्यू **44%** बढ़कर **₹1,449.5 करोड़** हो गया, जबकि मुनाफा **18.7%** बढ़कर **₹57.1 करोड़** रहा। हालांकि, कंपनी ने इस वित्तीय वर्ष के लिए कोई डिविडेंड (Dividend) नहीं देने का फैसला किया है।
Mukka Proteins ने FY26 में दर्ज की शानदार ग्रोथ, नई कंपनियों का किया अधिग्रहण
रेवेन्यू: ₹1,449.5 करोड़ (पिछले साल की तुलना में 44% की बढ़ोतरी)
प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT): ₹57.1 करोड़ (पिछले साल की तुलना में 18.7% की बढ़ोतरी)
क्या हुआ?
Mukka Proteins Ltd ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए अपने नतीजे जारी किए हैं, जिसमें पिछले साल की तुलना में जबरदस्त ग्रोथ देखने को मिली है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 44.0% बढ़कर ₹1,449.5 करोड़ तक पहुंच गया, वहीं प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 18.7% की बढ़ोतरी के साथ ₹57.1 करोड़ रहा। कंपनी के बोर्ड ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए कोई डिविडेंड (Dividend) न देने का फैसला किया है।
कॉर्पोरेट जगत में अहम डेवलपमेंट के तौर पर, कंपनी ने Ento Proteins Private Limited और Haris Marine Products Private Limited में 100% हिस्सेदारी का सफल अधिग्रहण किया है। इसके अलावा, कंपनी ने Bengaluru Solid Waste Management Limited से लीचेड ट्रीटमेंट के लिए ₹474.89 करोड़ का एक बड़ा कॉन्ट्रैक्ट भी हासिल किया है।
यह क्यों मायने रखता है?
अधिग्रहणों (acquisitions) और वेस्ट मैनेजमेंट सेक्टर में नए बड़े ऑर्डर के दम पर यह मजबूत वित्तीय प्रदर्शन, Mukka Proteins के बिजनेस डाइवर्सिफिकेशन की सफलता को दर्शाता है। यह ग्रोथ कंपनी के लिए काफी अहम है क्योंकि वह अपने पारंपरिक मरीन प्रोडक्ट्स (marine products) के बिजनेस से आगे बढ़कर नए क्षेत्रों में विस्तार कर रही है। हालांकि, निवेशकों को कंपनी के बढ़ते कर्ज और बड़े कॉन्ट्रैक्ट्स पर निर्भरता पर भी गौर करने की जरूरत है।
क्या बदल रहा है?
अधिग्रहित कंपनियों का सफल इंटीग्रेशन और बड़े वेस्ट मैनेजमेंट कॉन्ट्रैक्ट का निष्पादन भविष्य में रेवेन्यू बढ़ाने का काम करेगा। ओमान (Oman) में बन रही मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी कंपनी की अंतरराष्ट्रीय महत्वाकांक्षाओं को दर्शाती है। कंपनी के बोर्ड सदस्यों को आगामी AGM में शेयरधारकों की मंजूरी के अधीन पुनः नियुक्त करने की सिफारिश की गई है, जो 10 सितंबर, 2026 को होनी है।
जोखिम जिन पर नजर रखनी है
Mukka Proteins को कमोडिटी की कीमतों और कच्चे माल की उपलब्धता से जुड़े जोखिमों का सामना करना पड़ता है, जो मौसमी कारकों और अल नीनो (El Niño) के संभावित प्रभावों के अधीन हैं। कंपनी ने यह भी नोट किया है कि उसका मौजूदा कर्ज उसकी कुल इक्विटी से अधिक है, जिससे उसका लीवरेज (leverage) बढ़ गया है। इसके अलावा, नए वर्टिकल (verticals) फिलहाल सीमित संख्या में बड़े कॉन्ट्रैक्ट्स पर निर्भर हैं, जो एक कंसंट्रेशन रिस्क (concentration risk) पैदा करते हैं।
अहम आंकड़ें (समय-आधारित)
- वित्तीय वर्ष 2024-25 में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹1,006.4 करोड़ था।
- वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए कंसोलिडेटेड EBITDA ₹145.3 करोड़ रहा, जो पिछले वित्तीय वर्ष के ₹111.2 करोड़ से 30.9% ज्यादा है।
- FY26 के लिए EBITDA मार्जिन 10.0% था।
- कंपनी ने इस वित्तीय वर्ष में लैंडफिल से 1,00,000 टन से अधिक गीले कचरे को डायवर्ट किया है।
आगे क्या देखें?
निवेशक नई अधिग्रहित सब्सिडियरीज, Ento Proteins और Haris Marine के प्रदर्शन पर नजर रखेंगे। ₹474.89 करोड़ के वेस्ट मैनेजमेंट कॉन्ट्रैक्ट का सफल निष्पादन और ओमान मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी की प्रगति भी महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं जिन पर नजर रखी जानी चाहिए। कंपनी की लीवरेज पोजीशन और इसके क्रेडिट रेटिंग पर किसी भी संभावित प्रभाव पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा, जिसे हाल ही में CARE Ratings द्वारा CARE BBB; Negative में डाउनग्रेड किया गया था।
