Mazda Ltd के नतीजे: मुनाफा और डिविडेंड दोनों में बढ़ोतरी
Mazda Limited ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष के लिए अपने ऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स (Audited Financial Results) का ऐलान किया है। कंपनी ने ₹27.51 करोड़ का नेट प्रॉफिट (Net Profit) दर्ज किया है, जो पिछले वित्त वर्ष के ₹24.85 करोड़ की तुलना में 10.7% ज्यादा है। कंपनी के रेवेन्यू (Revenue) में भी 9.7% का इजाफा हुआ है, जो ₹212.05 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि पिछले साल यह ₹193.26 करोड़ था। कंपनी के प्रति शेयर आय (EPS) में भी वृद्धि देखी गई है, जो ₹12.41 से बढ़कर ₹13.74 हो गई है।
शेयरधारकों को मिलेगा बंपर डिविडेंड
कंपनी के मजबूत फाइनेंशियल परफॉर्मेंस को देखते हुए, बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स (Board of Directors) ने 200% का डिविडेंड (Dividend) देने की सिफारिश की है। यानी हर शेयर पर ₹4.00 का भुगतान किया जाएगा। यह शेयरधारकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है और कंपनी के मैनेजमेंट का अपने नतीजों और भविष्य को लेकर भरोसा दिखाता है।
इंजीनियरिंग डिवीजन का रहा दमदार प्रदर्शन
वित्त वर्ष 2025 में Mazda Limited ने ₹193.26 करोड़ का रेवेन्यू और ₹24.85 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया था। इस बार ग्रोथ की रफ्तार जारी रही है, जिसमें कंपनी के इंजीनियरिंग डिवीजन (Engineering Division) का सबसे बड़ा योगदान रहा है।
चिंता का विषय: इन्वेंट्री में भारी इजाफा
हालांकि, नतीजों के साथ एक बड़ी चिंता भी सामने आई है। कंपनी की इन्वेंट्री (Inventory) में भारी बढ़ोतरी हुई है। वित्त वर्ष 2026 में यह बढ़कर ₹98.17 करोड़ हो गई है, जबकि वित्त वर्ष 2025 में यह सिर्फ ₹43.70 करोड़ थी। यह करीब 124% का इजाफा दर्शाता है। वर्किंग कैपिटल (Working Capital) की बढ़ती जरूरत और इन्वेंट्री मैनेजमेंट कंपनी के लिए आने वाले समय में एक चुनौती साबित हो सकता है।
आगे क्या?
शेयरहोल्डर्स (Shareholders) की आगामी एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में इस डिविडेंड प्रस्ताव पर वोटिंग होगी। अब कंपनी का फोकस इस बढ़ी हुई इन्वेंट्री को मैनेज करने और रेवेन्यू व प्रॉफिट ग्रोथ को बनाए रखने पर रहेगा। इंजीनियरिंग डिवीजन से लगातार अच्छा प्रदर्शन जारी रहने की उम्मीद है। निवेशकों को कंपनी के अगले नतीजों पर पैनी नजर रखनी चाहिए ताकि वे समझ सकें कि Mazda Limited अपनी इन्वेंट्री को कितनी कुशलता से बेच पा रही है।
