Lumax Auto Technologies 26 अगस्त 2026 को अपनी AGM में शेयरधारकों को ₹5.50 प्रति शेयर डिविडेंड देने और Lumax Industries के साथ ₹805.21 करोड़ के संबंधित-पक्ष सौदों (related-party transactions) को मंजूरी देने पर विचार करेगी।
Lumax Auto Technologies की 45वीं AGM: डिविडेंड और बड़े सौदों पर दांव
Lumax Auto Technologies लिमिटेड ने 26 अगस्त 2026 को अपनी 45वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) की घोषणा की है। इस बैठक में कंपनी अपने शेयरधारकों को ₹5.50 प्रति शेयर का शानदार डिविडेंड देने का प्रस्ताव रखेगी। यह राशि शेयर के फेस वैल्यू का 275% है।
इसके साथ ही, कंपनी वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए Lumax Industries Limited (LIL) के साथ ₹805.21 करोड़ तक के संबंधित-पक्ष सौदों (Related-Party Transactions - RPT) को मंजूरी दिलाने के लिए शेयरधारकों की राय लेगी। यह सौदा कंपनी की लागत ऑडिटर के रेमुनरेशन (remuneration) को मंजूरी देने और श्री अनमोल जैन की रोटेशन से रिटायर होने पर पुनः नियुक्ति के प्रस्तावों के साथ होगा।
यह खबर क्यों महत्वपूर्ण है?
प्रस्तावित डिविडेंड सीधे तौर पर शेयरधारकों को नकद लाभ पहुंचाएगा। वहीं, LIL के साथ ₹805.21 करोड़ का बड़ा RPT प्रस्ताव, जो मटेरियलिटी थ्रेशोल्ड (materiality threshold) से अधिक है, Lumax ग्रुप के भीतर परिचालन एकीकरण (operational integration) और वित्तीय निर्भरता को दर्शाता है।
इसके अतिरिक्त, कंपनी ₹500.00 करोड़ तक के सौदों के लिए कंपनी अधिनियम, 2013 की धारा 185 के तहत शेयरधारकों की मंजूरी भी मांगेगी। यह मंजूरी कंपनी की ग्रोथ स्ट्रेटेजी (growth strategy) को सपोर्ट करने के लिए रणनीतिक ऋण (strategic lending) और ज्वाइंट वेंचर्स (joint ventures) व सब्सिडियरीज़ (subsidiaries) के लिए गारंटी प्रदान करने की मंशा को जाहिर करती है।
पिछली स्थिति
वित्तीय वर्ष 2025-26 में, Lumax Industries Limited (LIL) ने ₹4,184.16 करोड़ का स्टैंडअलोन टर्नओवर (turnover) और ₹146.50 करोड़ का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) दर्ज किया था। कंपनी की नेट वर्थ (net worth) ₹713.44 करोड़ थी। पिछले साल LIL के साथ कुल ₹635.69 करोड़ के सौदे हुए थे।
आगे क्या?
शेयरधारक AGM में इन प्रस्तावों पर मतदान करेंगे। यदि सब कुछ मंजूरी के अनुसार होता है, तो कंपनी डिविडेंड वितरण और उल्लिखित RPTs को आगे बढ़ा सकती है। धारा 185 के तहत मिली मंजूरी कंपनी को अपनी विकास पहलों के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने में सक्षम बनाएगी।
