Lords Mark Industries ने FY27 के लिए **₹1,550 करोड़** और FY28 के लिए **₹2,000 करोड़** से अधिक के राजस्व का लक्ष्य रखा है। यह लक्ष्य MedTech और रिन्यूएबल एनर्जी से जुड़े ऑर्डर्स से पूरा होने की उम्मीद है। कंपनी ने Q1 FY27 में **₹280 करोड़** का टॉपलाइन और **₹32 करोड़** का बॉटमलाइन दर्ज किया है।
Lords Mark Industries का महत्वाकांक्षी ग्रोथ प्लान
Lords Mark Industries ने अपने भविष्य के लिए बड़े लक्ष्य तय किए हैं। कंपनी का इरादा फाइनेंशियल ईयर 2027 (FY27) तक ₹1,550 करोड़ का रेवेन्यू हासिल करने का है, और FY28 तक इसे ₹2,000 करोड़ के पार ले जाने की योजना है। कंपनी का यह लक्ष्य MedTech और रिन्यूएबल एनर्जी (Renewable Energy) सेगमेंट में मजबूत प्रदर्शन पर आधारित है।
Q1 FY27 के नतीजे
हालिया तिमाही, यानी Q1 FY27 में कंपनी ने ₹280 करोड़ का टॉपलाइन (Revenue) और ₹32 करोड़ का बॉटमलाइन (Profit) दर्ज किया है। कंपनी के पास भविष्य के लिए करीब ₹3,000 करोड़ का रिन्यूएबल/LED प्रोजेक्ट्स का ऑर्डर बुक (Order Book) है, साथ ही 500 से ज्यादा डायलिसिस मशीन (Dialysis Machines) के ऑर्डर भी कंपनी के आउटलुक को मजबूत करते हैं।
MedTech पर फोकस और भविष्य की राह
Lords Mark Industries मुख्य रूप से दो क्षेत्रों में काम करती है: LED/रिन्यूएबल एनर्जी और IVD/MedTech। रिन्यूएबल एनर्जी का कारोबार सरकारी प्रोजेक्ट्स पर केंद्रित है। वहीं, IVD और MedTech सेगमेंट, जिसने Q1 के रेवेन्यू में करीब 55% का योगदान दिया, उसे IIT बॉम्बे और भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर (BARC) से एक्वायर की गई टेक्नोलॉजीज से मजबूती मिल रही है। इसमें सिकल सेल (Sickle Cell) और कैंसर टेस्टिंग (Cancer Testing) जैसी तकनीकें शामिल हैं। इसके अलावा, कंपनी डायलिसिस मशीनों के निर्माण के लिए भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) जैसी कंपनियों के साथ OEM पार्टनरशिप (OEM Partnership) का लाभ उठा रही है, ताकि कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) को नियंत्रित किया जा सके।
प्रमोटर हिस्सेदारी में बदलाव की तैयारी
कंपनी अपने MedTech प्रोडक्ट्स, जैसे डायलिसिस मशीन, सिकल सेल टेस्टिंग और कैंसर टेस्टिंग को कमर्शियलाइज (Commercialize) करने पर काम कर रही है। FY27 में पूरे भारत में 50 डायलिसिस सेंटर खोलने की भी योजना है। मैनेजमेंट का मानना है कि सरकारी प्रोजेक्ट्स के एग्जीक्यूशन (Execution) में मौसमी पैटर्न के कारण साल के दूसरे हाफ में प्रदर्शन बेहतर रहेगा। एक महत्वपूर्ण बदलाव यह है कि कंपनी अपनी प्रमोटर हिस्सेदारी (Promoter Stake) को वर्तमान 80% से घटाकर 75% करने की योजना बना रही है, ताकि लिस्टिंग नॉर्म्स (Listing Norms) का पालन किया जा सके। इस प्रक्रिया पर अभी चर्चा चल रही है।
निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य बातें
शेयरधारकों को 75% पब्लिक शेयरहोल्डिंग नॉर्म (Public Shareholding Norm) के अनुपालन पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए। प्रमोटर हिस्सेदारी घटाने का तरीका (OFS, Rights Issue, या QIP) अभी तय नहीं हुआ है। सिकल सेल और कैंसर टेस्टिंग जैसी नई MedTech प्रोडक्ट्स का सफल विकास, रेगुलेटरी अप्रूवल (Regulatory Approval) और कमर्शियल लॉन्च एग्जीक्यूशन के लिहाज से महत्वपूर्ण होंगे। कैंसर अस्पताल स्थापित करने के लिए की जा रही व्यवहार्यता अध्ययन (Feasibility Study) पर भी नजर रहेगी।
