Lakshmi Engineering and Warehousing Ltd ने वित्त वर्ष 2026 के लिए अपने नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट 91.3% बढ़कर **₹1.69 करोड़** हो गया है। बोर्ड ने **₹10** प्रति शेयर के डिविडेंड की भी सिफारिश की है।
लक्ष्मी इंजीनियरिंग वेयरहाउसिंग का शानदार प्रदर्शन
वित्त वर्ष 2025-26 के लिए लक्ष्मी इंजीनियरिंग एंड वेयरहाउसिंग लिमिटेड (Lakshmi Engineering and Warehousing Ltd) के नतीजे आ गए हैं। कंपनी ने पिछले साल के ₹0.88 करोड़ की तुलना में इस बार 91.3% की छलांग लगाते हुए ₹1.69 करोड़ (या ₹168.61 लाख) का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। वहीं, कंपनी की कुल आय भी 11.8% बढ़कर ₹15.68 करोड़ (या ₹1568.25 लाख) तक पहुंच गई है।
क्या है खास?
इस बंपर मुनाफे की मुख्य वजह वेयरहाउसिंग सेगमेंट से हुई दमदार कमाई है। कंपनी ने इस सेगमेंट से ₹9.72 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल ₹8.55 करोड़ था। इंजीनियरिंग सर्विसेज से भी कंपनी ने ₹4.87 करोड़ कमाए, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा ₹4.47 करोड़ था।
क्या यह अहम है?
मुनाफे में आई यह भारी बढ़ोतरी कंपनी की बढ़ती कार्यकुशलता और बाजार की मजबूत मांग को दर्शाती है। साथ ही, बोर्ड द्वारा ₹10 प्रति शेयर डिविडेंड की सिफारिश शेयरधारकों के लिए अच्छी खबर है, जो कंपनी के मजबूत वित्तीय स्वास्थ्य को दिखाता है।
पिछली कहानी
पिछले वित्त वर्ष (FY25) में, कंपनी ने ₹14.02 करोड़ की कुल आय पर ₹0.88 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया था। इस बार के नतीजों ने पिछले साल के मुकाबले एक बड़ा सुधार दिखाया है।
आगे क्या?
शेयरधारकों की मंजूरी के बाद, कंपनी ₹10 प्रति शेयर का डिविडेंड बांटेगी। वेयरहाउसिंग सेगमेंट में हुआ विस्तार यह बताता है कि कंपनी अब स्थिर और आय देने वाली संपत्तियों पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
जोखिम पर नजर
हालांकि, कंपनी के इंजीनियरिंग सर्विसेज सेगमेंट को इनपुट लागत बढ़ने के कारण मार्जिन पर दबाव का सामना करना पड़ सकता है। यदि इस पर प्रभावी ढंग से नियंत्रण नहीं किया गया तो यह भविष्य की लाभप्रदता को प्रभावित कर सकता है।
आगे क्या ट्रैक करें?
निवेशकों को कंपनी की इंजीनियरिंग सेगमेंट में लागत प्रबंधन क्षमता और अपने नए विस्तारित वेयरहाउसिंग की पूरी क्षमता का उपयोग करने की क्षमता पर नजर रखनी चाहिए।
