Krishanveer Forge ने FY26 के लिए अपने सालाना नतीजों का ऐलान कर दिया है, जिसमें कंपनी के नेट प्रॉफिट में 102% की ज़बरदस्त बढ़ोतरी देखी गई है। यह प्रॉफिट बढ़कर ₹1,138 लाख पहुँच गया है। इसके साथ ही, कंपनी ने ₹3 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है और दो नए इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स की नियुक्ति भी की है।
Krishanveer Forge का शानदार प्रदर्शन: मुनाफ़े में ₹1,138 लाख की उछाल
Krishanveer Forge Limited ने वित्तीय वर्ष 2025-26 (FY26) के लिए अपने वार्षिक नतीजों की घोषणा की है, जो निवेशकों के लिए अच्छी खबर लेकर आए हैं। कंपनी ने अपने नेट प्रॉफिट में पिछले साल की तुलना में 101.83% की भारी बढ़ोतरी दर्ज की है, जो अब ₹1,137.72 लाख पर पहुँच गया है। यह शानदार वृद्धि कंपनी के मुख्य कारोबार (core operations) से मजबूत प्रदर्शन और ज़मीन की बिक्री (land transfer) से हुए बड़े लाभ का नतीजा है।
इसके अलावा, कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशन्स (Revenue from operations) में भी बढ़ोतरी हुई है, जो पिछले वित्तीय वर्ष के ₹8,279.65 लाख से बढ़कर FY26 में ₹8,930.46 लाख हो गया है। कंपनी के प्रॉफिट बिफोर टैक्स (profit before tax) में भी दोगुना से ज़्यादा का उछाल देखा गया, जो ₹758.48 लाख से बढ़कर ₹1,456.42 लाख हो गया। वहीं, बेसिक अर्निंग्स पर शेयर (Basic Earnings Per Share - EPS) ₹5.15 से बढ़कर ₹10.40 हो गया है।
निवेशकों को तोहफ़ा: ₹3 प्रति शेयर डिविडेंड और नए बोर्ड सदस्य
कंपनी के शानदार वित्तीय प्रदर्शन को देखते हुए, बोर्ड ने शेयरधारकों की मंजूरी के अधीन, ₹3.00 प्रति शेयर के अंतिम डिविडेंड (final dividend) की सिफारिश की है। यह शेयरधारकों के लिए एक बड़ी राहत है।
इसके साथ ही, कंपनी के बोर्ड में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव भी हुए हैं। Nitin Shyam Rajore को 5 साल के लिए होल टाइम डायरेक्टर (Whole Time Director) के तौर पर फिर से नियुक्त किया गया है। वहीं, Ravi Kapoor और Vijeta Subhash Kulkarni को भी 5 साल के कार्यकाल के लिए इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स (Independent Directors) के रूप में नियुक्त किया गया है। इन नियुक्तियों से बोर्ड को स्थिरता और नई दिशा मिलने की उम्मीद है।
भविष्य की योजनाएं: सोलर प्लांट और API सर्टिफिकेशन
Krishanveer Forge भविष्य के लिए भी बड़ी योजनाएं बना रहा है। कंपनी ने 1MWp का सोलर पावर प्लांट (solar power plant) चालू कर दिया है, जिससे ऊर्जा की लागत में कमी आने और मुनाफ़ा बढ़ने की उम्मीद है। साथ ही, कंपनी API सर्टिफिकेशन (API certification) हासिल करने की दिशा में भी काम कर रही है, जो इसे अंतर्राष्ट्रीय बाज़ारों में अपनी पैठ बनाने में मदद करेगा।
जोखिमों पर नज़र
कंपनी प्रबंधन ने वैश्विक आर्थिक अस्थिरता (global economic volatility) और भू-राजनीतिक तनाव (geopolitical tensions) जैसे जोखिमों की ओर भी इशारा किया है, जो कच्चे माल की लागत (input costs) और सप्लाई चेन (supply chains) को प्रभावित कर सकते हैं। इसके अलावा, संबंधित पक्ष के लेन-देन (related party transactions) पर निर्भरता पर भी नज़र रखने की ज़रूरत है।
