नतीजों में जोरदार उछाल
कोविलपट्टी लक्ष्मी रोलर फ्लोर मिल्स लिमिटेड ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) के अपने ऑडिटेड नतीजे जारी किए हैं। कंपनी ने इस साल ₹8.09 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर 2025 के ₹1.15 करोड़ के मुकाबले 7 गुना ज्यादा है। हालांकि, कंपनी का रेवेन्यू (Revenue) थोड़ा घटकर ₹410.86 करोड़ रहा, जो पिछले साल ₹426.59 करोड़ था।
₹20 करोड़ का कैपेक्स और डिविडेंड का ऐलान
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स (Board of Directors) ने ₹20 करोड़ के कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) को मंजूरी दे दी है। इस फंड का इस्तेमाल पवन चक्कियों (Windmills) को आधुनिक बनाने और उन्हें बेहतर बनाने के लिए किया जाएगा। इसके अलावा, बोर्ड ने प्रति इक्विटी शेयर ₹1 का डिविडेंड (Dividend) देने की भी सिफारिश की है। यह प्रस्ताव शेयरहोल्डर्स (Shareholders) की मंजूरी के बाद 9 सितंबर, 2026 को होने वाली एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में पास होगा।
चेयरमैन को ₹6 करोड़ में ज़मीन की बिक्री
इसके साथ ही, कंपनी ने नॉन-कोर (Non-core) प्रॉपर्टी की बिक्री को भी हरी झंडी दे दी है। यह ज़मीन कंपनी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर, श्री शरत जगन्नाथन (Sri. Sharath Jagannathan) को ₹6 करोड़ तक में बेची जाएगी।
आगे क्या?
मुनाफे में हुई यह ज़बरदस्त वृद्धि शेयरहोल्डर्स के लिए अच्छी खबर है। इससे कंपनी की ऑपरेशनल एफिशिएंसी (Operational Efficiency) और कॉस्ट मैनेजमेंट (Cost Management) में सुधार के संकेत मिलते हैं। पवन चक्कियों के आधुनिकीकरण पर ₹20 करोड़ का निवेश कंपनी के भविष्य के लिए एक मजबूत कदम माना जा रहा है। हालांकि, रेवेन्यू में आई मामूली गिरावट और रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन (Related Party Transaction) पर निवेशकों की नजर रहेगी।
