Knowledge Marine & Engineering Works (KMEW) ने FY26 में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का मुनाफा पिछले साल के **₹49.60 करोड़** से बढ़कर **₹79.11 करोड़** पर पहुंच गया है, जिसके पीछे रिकॉर्ड ऑर्डर बुक का बड़ा हाथ है।
मुनाफे की रफ्तार और रेवेन्यू
कंपनी के प्रदर्शन में जबरदस्त उछाल देखने को मिला है। फाइनेंशियल ईयर FY26 में कंपनी का रेवेन्यू 27.6% बढ़कर ₹256.28 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया है। वहीं, ऑपरेटिंग परफॉर्मेंस की बात करें तो EBITDA भी बढ़कर ₹96.75 करोड़ हो गया है, जो कंपनी की मजबूत कार्यक्षमता को दर्शाता है।
ऑर्डर बुक का दम
कंपनी ने इस साल इतिहास का सबसे बड़ा ऑर्डर इनफ्लो हासिल किया है। कुल 11 नए कॉन्ट्रैक्ट्स के साथ कंपनी की कुल ऑर्डर बुक ₹1,395.43 करोड़ की हो गई है। फिलहाल इनके बिजनेस में 'चार्टर एंड हायर' (Charter & Hire) का 62%, ड्रेजिंग (Dredging) का 25% और शिपबिल्डिंग का 13% योगदान है।
नई रणनीति: शिपबिल्डिंग और ग्रीन एनर्जी
KMEW अब खुद को एक इंटीग्रेटेड मैरीटाइम सर्विस प्लेयर के तौर पर विकसित कर रही है। वधावन पोर्ट के पास 15 एकड़ जमीन का अधिग्रहण और ₹690 करोड़ के ग्रीन टग (Green Tug) कॉन्ट्रैक्ट्स इस बदलाव की बड़ी कड़ी हैं। विस्तार के लिए कंपनी ने हाल ही में इक्विटी और वारंट्स के जरिए ₹284.81 करोड़ जुटाए हैं।
निवेशकों के लिए जोखिम और आगे की राह
यह बिजनेस काफी कैपिटल-इंटेंसिव है, इसलिए कैश फ्लो मैनेजमेंट पर नजर रखना जरूरी है। इसके अलावा, सरकारी टेंडर्स और प्रोजेक्ट अप्रूवल में होने वाली देरी भी एक प्रमुख रिस्क फैक्टर है। आने वाले समय में निवेशकों को वधावन पोर्ट की फैसिलिटी और टैक्स एफिशिएंसी के लिए 'टोनेज टैक्स' (Tonnage Tax) पर मिलने वाले लाभों को ट्रैक करना चाहिए।
