Kirloskar Oil Engines: अफ्रीका में धाक जमाने के लिए KTSPL का अधिग्रहण, खर्च किए **₹8.25 करोड़**

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AuthorAditya Rao|Published at:
Kirloskar Oil Engines: अफ्रीका में धाक जमाने के लिए KTSPL का अधिग्रहण, खर्च किए **₹8.25 करोड़**

Kirloskar Oil Engines (KOEL) ने अफ्रीका में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने दक्षिण अफ्रीका स्थित KTSPL को **₹8.25 करोड़** में **100%** खरीद लिया है, जिससे अब वे सीधे ग्राहकों से जुड़ सकेंगे।

क्या है पूरी डील?

Kirloskar Oil Engines (KOEL) ने अपनी पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी Kirloskar International ME FZE (KIME) के जरिए Kirloskar Trading SA (PTY) Limited (KTSPL) के 100% इक्विटी शेयर खरीद लिए हैं। इस डील की कुल वैल्यू ₹8.25 करोड़ (14.08 मिलियन ZAR) तय की गई है। यह सौदा 30 सितंबर 2026 को पूरा हुआ।

क्यों अहम है यह बदलाव?

अब तक कंपनी डिस्ट्रीब्यूटर मॉडल पर काम कर रही थी, लेकिन अब KOEL सीधे अफ्रीका के बाजारों जैसे केन्या और नाइजीरिया में अपनी मौजूदगी दर्ज कराएगी। इस बदलाव का मुख्य मकसद मार्जिन बढ़ाना और स्थानीय मांग के हिसाब से प्रोडक्ट डेवलपमेंट करना है।

फाइनेंशियल हेल्थ पर एक नजर

KTSPL की इनकम में उतार-चढ़ाव देखने को मिले हैं। कंपनी ने मार्च 2026 तक की 15 महीनों की अवधि में ₹26.03 करोड़ की टोटल इनकम दर्ज की थी। अगर पिछले सालों की बात करें, तो FY2023 में यह आंकड़ा ₹21.0 करोड़, FY2024 में ₹17.6 करोड़ और FY2025 में ₹15.5 करोड़ रहा था।

निवेशकों के लिए आगे का रास्ता

अब निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि क्या यह डायरेक्ट-कनेक्ट मॉडल कंपनी के मुनाफे में इजाफा कर पाता है। चूँकि यह एक 'रिलेटेड-पार्टी ट्रांजेक्शन' (Related-party transaction) है, इसलिए गवर्नेंस और आर्म्स-लेंथ के नियमों का पालन आगे भी निवेशकों के लिए चर्चा का विषय बना रहेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.