Kesoram Industries में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। Frontier Warehousing Limited ने कंपनी में **42.80%** हिस्सेदारी खरीदकर कंट्रोल अपने हाथों में ले लिया है। इस डील के साथ ही पुरानी प्रमोटर टीम अब पब्लिक शेयरधारक बन गई है और गौतम अगरवाला को कंपनी का नया मैनेजिंग डायरेक्टर नियुक्त किया गया है।
मालिकाना हक का ट्रांसफर
4 दिसंबर, 2025 को हुए शेयर खरीद समझौते (SPA) के तहत Frontier Warehousing Limited अब Kesoram Industries की नई प्रमोटर कंपनी बन गई है। इस ट्रांजैक्शन के जरिए कंपनी के कुल 13,30,53,804 शेयर (करीब 42.81%) नई प्रमोटर के पास चले गए हैं। वहीं, पहले से प्रमोटर ग्रुप में शामिल Manav Investment & Trading और Pilani Investment जैसी कंपनियों की हिस्सेदारी 43.34% से गिरकर महज 0.54% पर आ गई है।
बोर्ड में बड़ा फेरबदल
कंपनी के गवर्नेंस में बड़ा बदलाव करते हुए 12 सितंबर, 2026 से प्रभाव में आते हुए तीन डायरेक्टर्स ने इस्तीफा दे दिया है और उनकी जगह पांच नए मेंबर्स को बोर्ड में शामिल किया गया है। कंपनी ने अपना रजिस्टर्ड ऑफिस भी ऐतिहासिक 'बिड़ला बिल्डिंग' से बदलकर कोलकाता के 'ईस्ट इंडिया हाउस' में शिफ्ट कर लिया है, जो कि नई लीडरशिप के विजन को दर्शाता है।
नई मैनेजमेंट टीम
गौतम अगरवाला अब कंपनी की कमान बतौर मैनेजिंग डायरेक्टर 5 साल के लिए संभालेंगे। बोर्ड में नए इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स के तौर पर चारु राजगढ़िया, हिमांशु रंजन और अनिंदा चटर्जी को नियुक्त किया गया है। साथ ही, निकिता रटेरिया को कंपनी सेक्रेटरी और कंप्लायंस ऑफिसर की जिम्मेदारी दी गई है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
पुराने प्रमोटर ग्रुप के जाने से कंपनी की गवर्नेंस में आए इस अचानक बदलाव पर निवेशकों को नजर रखनी होगी। नए मैनेजमेंट द्वारा बिजनेस स्ट्रैटेजी को लागू करने में अगर कोई देरी होती है, तो शेयर में शॉर्ट-टर्म वोलेटिलिटी (Volatility) देखने को मिल सकती है। अब सबकी नजरें इस बात पर हैं कि नई बोर्ड टीम अपना पहला रोड मैप कब पेश करती है।
