Kaynes Technology India Ltd ने वित्तीय वर्ष 2026 के लिए अपने शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी के रेवेन्यू में पिछले साल के मुकाबले **33%** की वृद्धि दर्ज की गई है, जो कि **₹3,626.4 करोड़** रहा। कंपनी का ऑर्डर बुक भी **₹8,366.3 करोड़** के मजबूत स्तर पर है, और यह OSAT और HDI PCB सुविधाओं का विस्तार कर रही है।
Kaynes Technology India Ltd के नतीजे
कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 33% बढ़कर ₹3,626.4 करोड़ (₹36,264 मिलियन) रहा। कंसोलिडेटेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹363.9 करोड़ (₹3,639 मिलियन) दर्ज किया गया। 31 मार्च, 2026 तक, कंपनी के पास ₹8,366.3 करोड़ (₹83,663 मिलियन) का ऑर्डर बुक है, जिसके अगले 18-24 महीनों में रेवेन्यू में बदलने की उम्मीद है। कंपनी 'सिलिकॉन-टू-सिस्टम' वैल्यू चेन इंटीग्रेशन को सपोर्ट करने के लिए नई OSAT और HDI PCB सुविधाएं स्थापित कर रही है।
मुख्य बातें:
- मजबूत ग्रोथ: रेवेन्यू में 33% की सालाना वृद्धि और ₹363.9 करोड़ का PAT।
- बड़ा ऑर्डर बुक: ₹8,366.3 करोड़ का ऑर्डर बुक भविष्य के लिए अच्छी मांग का संकेत देता है।
- विस्तार योजनाएं: OSAT और HDI PCB सुविधाओं के विस्तार से कंपनी की मैन्युफैक्चरिंग क्षमताएं बढ़ेंगी।
भविष्य की राह:
कंपनी अपने वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट को बेहतर बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है, जिसका लक्ष्य कैश कन्वर्जन साइकिल को 125 दिनों से घटाकर 100 दिनों तक लाना है। नए ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स के लिए पूंजीगत व्यय (Capital Expenditure) को इक्विटी (QIPs) और सरकारी प्रोत्साहनों के मिश्रण से वित्त पोषित किया जा रहा है, ताकि लीवरेज प्रोफाइल को नियंत्रित रखा जा सके।
जोखिम:
- वर्किंग कैपिटल: स्मार्ट मीटरिंग सेगमेंट के कारण कैश कन्वर्जन साइकिल 125 दिनों तक बढ़ गया है, जिसे FY28 तक 100 दिनों तक लाने का लक्ष्य है।
- पूंजीगत व्यय: नए प्रोजेक्ट्स के लिए उच्च पूंजीगत व्यय को फंड करने की आवश्यकता है।
आगे क्या देखें:
निवेशकों को नई OSAT और HDI PCB सुविधाओं के चालू होने और उनके प्रदर्शन पर नजर रखनी चाहिए। कंपनी की वर्किंग कैपिटल प्रबंधन क्षमता और 'मिशन 30' लक्ष्य की ओर प्रगति भविष्य के प्रदर्शन के लिए महत्वपूर्ण होगी।
