KNR Constructions ने अपनी सहायक कंपनी के जरिए तेलंगाना में **80.01 किमी** लंबे NH-167 रोड प्रोजेक्ट का फाइनेंशियल क्लोजर हासिल कर लिया है। NHAI से मिली इस मंजूरी के बाद अब प्रोजेक्ट के लिए फंडिंग का रास्ता साफ हो गया है और निर्माण कार्य तेजी से शुरू हो सकेगा।
प्रोजेक्ट में आई बड़ी तेजी
KNR Constructions Limited ने अपने पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी, KNR Manyamkonda Infra Private Limited के लिए एक बड़ा ऑपरेशनल माइलस्टोन पार कर लिया है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने आधिकारिक तौर पर इस प्रोजेक्ट के फाइनेंशियल क्लोजर की पुष्टि कर दी है, जिसकी प्रभावी तारीख 1 अक्टूबर, 2026 तय की गई है।
निवेशकों के लिए क्या हैं मायने?
फाइनेंशियल क्लोजर का मतलब है कि हाइब्रिड एन्युटी मोड (HAM) प्रोजेक्ट के लिए डेवलपर और लेंडर्स के बीच फंडिंग पूरी तरह सुरक्षित हो गई है। निवेशकों के नजरिए से, यह प्रोजेक्ट में आने वाले एग्जीक्यूशन रिस्क को काफी कम करता है। अब कंपनी पूरी तरह से ऑन-ग्राउंड काम और कंस्ट्रक्शन पर फोकस कर सकेगी, जिससे आने वाले समय में रेवेन्यू रिकग्निशन में मदद मिलेगी।
प्रोजेक्ट का विस्तार
यह प्रोजेक्ट तेलंगाना में 80.01 किमी लंबे NH-167 स्ट्रेच (गुडेबेलुर से महबूबनगर) को फोर-लेन करने का है। HAM मॉडल के जरिए कंपनी अपने कैपिटल डिप्लॉयमेंट और सरकार से मिलने वाले पेमेंट के बीच बेहतर संतुलन बना पाएगी, जो इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र की कंपनियों के लिए कैश फ्लो मैनेज करने का एक मानक तरीका है।
आगे क्या ट्रैक करें?
शेयरधारकों को अब निर्माण की गति और कंस्ट्रक्शन माइलस्टोन्स पर नजर रखनी चाहिए। जैसे-जैसे काम आगे बढ़ेगा, HAM फ्रेमवर्क के तहत NHAI से पेमेंट मिलने का सिलसिला शुरू होगा, जो कंपनी की फाइनेंशियल सेहत के लिए अहम होगा।
