Ion Exchange India Share Price: मुनाफा 35.5% गिरा, नए प्लांट की लागत ने बढ़ाई चिंता

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AuthorAditya Rao|Published at:
Ion Exchange India Share Price: मुनाफा 35.5% गिरा, नए प्लांट की लागत ने बढ़ाई चिंता

Ion Exchange India ने FY26 के लिए **₹138.38 करोड़** का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल के **₹214.48 करोड़** की तुलना में **35.5%** की गिरावट है। कंपनी के नए रोहा प्लांट से बढ़ी लागत और कच्चे माल की महंगी कीमतों ने मुनाफे को प्रभावित किया है। हालांकि, कंपनी ने **₹1.25** प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की घोषणा की है।

Ion Exchange India FY26: मुनाफे में आई बड़ी गिरावट, जानिए कारण

Ion Exchange India ने वितीय वर्ष 2025-26 के लिए अपने स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट में 35.5% की भारी गिरावट दर्ज की है। कंपनी का लाभ घटकर ₹138.38 करोड़ रहा, जबकि पिछले वितीय वर्ष (FY 2024-25) में यह ₹214.48 करोड़ था। कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट भी ₹208.25 करोड़ से घटकर ₹143.20 करोड़ हो गया है।

रेवेन्यू में बढ़ोतरी, लेकिन लागत का बोझ

इन सबके बीच, कंपनी के रेवेन्यू (Revenue) में अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिली है। स्टैंडअलोन रेवेन्यू 5.5% बढ़कर ₹2,678.91 करोड़ हो गया, जो पिछले साल ₹2,540.06 करोड़ था। कंसोलिडेटेड रेवेन्यू भी ₹2,737.11 करोड़ से बढ़कर ₹2,914.84 करोड़ तक पहुंच गया।

नए प्लांट और बढ़ती महंगाई का असर

कंपनी के इस नतीजे के पीछे मुख्य वजह महाराष्ट्र के रोहा में नया रेजिन मैन्युफैक्चरिंग प्लांट है। इस नए प्लांट से जुड़े इंटरेस्ट और डेप्रिसिएशन (Depreciation) के बढ़ते खर्चों ने कंपनी के मुनाफे पर दबाव डाला है। इसके अलावा, कच्चे माल की कीमतों में बढ़ोतरी और नए लेबर कानूनों का असर भी प्रॉफिट घटने की वजहों में शामिल है।

निवेशकों को डिविडेंड का तोहफा

इन चुनौतियों के बावजूद, कंपनी के बोर्ड ने शेयरधारकों को ₹1.25 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। हालांकि, यह पिछले साल के ₹1.50 प्रति शेयर के मुकाबले कम है।

रोहा प्लांट का भविष्य और भविष्य की योजनाएं

Ion Exchange ने सितंबर 2025 में रोहा में अपने नए प्लांट का फेज्ड कमीशनिंग शुरू किया था। इस प्लांट की क्षमता को धीरे-धीरे 42,600 क्यूबिक मीटर/वर्ष तक ले जाने का लक्ष्य है। कंपनी अब इस प्लांट के सफल संचालन और लागत प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित करेगी। कंपनी सेमीकंडक्टर और ग्रीन हाइड्रोजन जैसे उभरते सेक्टर्स में भी अपनी ग्रोथ की संभावनाएं तलाश रही है।

आगे क्या देखना होगा?

निवेशकों को अब रोहा प्लांट की क्षमता के उपयोग और कंपनी की लागत प्रबंधन क्षमता पर बारीकी से नजर रखनी होगी। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि कंपनी बढ़ती लागतों को कैसे संभालती है और नए सेक्टर्स में अपनी ग्रोथ को कैसे भुनाती है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.