FY26 में दमदार प्रदर्शन
Indo Farm Equipment Limited ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (FY26) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का रेवेन्यू 14% बढ़कर ₹419.54 करोड़ हो गया, जबकि पिछले साल यह ₹366.77 करोड़ था।
FY27 के लिए बड़ी उम्मीदें
कंपनी ने अगले फाइनेंशियल ईयर (FY27) के लिए 20-25% की रेवेन्यू ग्रोथ का लक्ष्य रखा है। साथ ही, उम्मीद है कि ऑपरेटिंग EBITDA मार्जिन लगभग 12.5% के आसपास रहेगा।
ग्रोथ के मुख्य कारण
- ट्रैक्टर सेगमेंट में उछाल: FY26 में ट्रैक्टर सेगमेंट का रेवेन्यू 3,006 यूनिट्स की बिक्री के साथ 30.7% बढ़कर ₹201.45 करोड़ हो गया, जो पिछले साल ₹141.02 करोड़ था। कंपनी ने फाइनैंसिंग की दिक्कतों को दूर करने के लिए एक फाइनेंस एंटिटी में निवेश किया, जिससे यह ग्रोथ संभव हुई।
- नई एक्सपोर्ट डील: कंपनी को ₹6 करोड़ का एक ट्रायल एक्सपोर्ट ऑर्डर मिला है, जो इंटरनेशनल मार्केट में एंट्री के रास्ते खोल सकता है।
- कैपेसिटी एक्सपेंशन: कंपनी ₹70 करोड़ से ज्यादा का कैपेक्स (Capex) करके टावर और पिक-एंड-कैरी क्रेन के लिए अपनी प्रोडक्शन कैपेसिटी बढ़ा रही है। इसमें से ₹25 करोड़ का निवेश पहले ही किया जा चुका है।
क्रेन सेगमेंट में गिरावट की वजह
हालांकि, क्रेन सेगमेंट में रेवेन्यू 3% घटकर ₹218.09 करोड़ रह गया (FY25 में ₹225.05 करोड़)। मैनेजमेंट का कहना है कि नए एमिशन नॉर्म्स (Term III से Term V) और लॉजिस्टिक्स की दिक्कतों के कारण यह अस्थायी गिरावट है।
भविष्य की रणनीति और जोखिम
कंपनी अपनी वर्किंग कैपिटल को कम करने पर भी ध्यान दे रही है, जो फिलहाल 307 दिन है। इसे FY28-29 तक 200 दिनों से नीचे लाने का लक्ष्य है।
हालांकि, मार्जिन पर दबाव एक संभावित जोखिम बना हुआ है, खासकर नए प्रोडक्ट्स की लॉन्चिंग और मार्केट में एंट्री की लागत को देखते हुए। 307 दिनों की वर्किंग कैपिटल भी एक बड़ा जोखिम है अगर इसे प्रभावी ढंग से मैनेज न किया जाए।
