Horizon Reclaim: दमदार नतीजे! FY26 में ₹49.42 Cr रेवेन्यू, ₹10.50 Cr मुनाफा, कैपेसिटी बढ़ाने की तैयारी

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Horizon Reclaim: दमदार नतीजे! FY26 में ₹49.42 Cr रेवेन्यू, ₹10.50 Cr मुनाफा, कैपेसिटी बढ़ाने की तैयारी

Horizon Reclaim ने FY26 के शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू ₹49.42 करोड़ और PAT ₹10.50 करोड़ रहा। साथ ही, कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी को मौजूदा 14,100 MTPA से बढ़ाकर 86,800 MTPA करने जा रही है।

Horizon Reclaim ने FY26 में दर्ज की दमदार ग्रोथ, मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी का होगा विस्तार

Horizon Reclaim (India) Ltd ने वित्तीय वर्ष 2026 के लिए अपने शानदार वित्तीय नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने ₹49.42 करोड़ का रेवेन्यू और ₹10.50 करोड़ का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) दर्ज किया है। यह पिछले साल यानी FY24 के ₹20.33 करोड़ के रेवेन्यू और ₹0.71 करोड़ के PAT के मुकाबले एक बड़ी छलांग है।

निवेशकों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह खबर?

कंपनी का मजबूत रेवेन्यू और प्रॉफिट ग्रोथ, उसके ऑपरेशनल एफिशिएंसी और उत्पादों (रीक्लेम्ड रबर और पायरोलिसिस ऑयल) की बाजार में मांग को दर्शाता है। जून 2026 में सफल पब्लिक लिस्टिंग से कंपनी को अपनी महत्वाकांक्षी विस्तार योजनाओं के लिए पूंजी भी मिली है।

कंपनी की पिछली परफॉरमेंस

Horizon Reclaim ने अपने वित्तीय प्रदर्शन में लगातार वृद्धि दिखाई है। FY24 में ₹20.33 करोड़ का रेवेन्यू बढ़कर FY25 में ₹36.22 करोड़ और FY26 में ₹49.42 करोड़ हो गया। PAT में तो और भी जबरदस्त उछाल देखा गया, जो FY24 के ₹0.71 करोड़ से बढ़कर FY25 में ₹7.07 करोड़ और FY26 में ₹10.50 करोड़ तक पहुंच गया।

आगे क्या बदलाव होंगे?

कंपनी बड़े पैमाने पर अपनी कैपेसिटी बढ़ाने पर काम कर रही है। इसका लक्ष्य मौजूदा 14,100 MTPA की प्रोडक्शन कैपेसिटी को बढ़ाकर 86,800 MTPA करना है। इस विस्तार के लिए ₹9.43 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) किया जा रहा है। कंपनी की गुजरात के राजकोट स्थित यूनिट II पहले ही चालू हो चुकी है और गुजरात के भगवानपुर स्थित यूनिट III इंस्टॉलेशन के अंतिम चरण में है।

किन जोखिमों पर रखें नज़र?

कैपेसिटी विस्तार की सफल कार्यान्वयन, खासकर यूनिट III का इंस्टॉलेशन और कमीशनिंग, कंपनी के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। किसी भी तरह की देरी या लागत में बढ़ोतरी कंपनी के ग्रोथ टारगेट्स को प्रभावित कर सकती है।

आगे क्या ट्रैक करें?

निवेशकों को यूनिट III के इंस्टॉलेशन और कमीशनिंग की प्रगति, बढ़ी हुई कैपेसिटी का यूटिलाइजेशन रेट और आने वाले वित्तीय वर्षों में रेवेन्यू व प्रॉफिटेबिलिटी पर इसके प्रभाव पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.