Horizon Industrial Parks के प्रमोटर्स ने एक बड़ा खुलासा किया है। कंपनी की कुल शेयर कैपिटल का **75.4%** हिस्सा एक **$480 मिलियन** (करीब **₹4,497 करोड़**) के कर्ज समझौते के तहत बंधा हुआ है।
प्रमोटर लेवल पर भारी कर्ज का गणित
कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में बताया है कि प्रमोटर्स (BREP Asia entities) ने $480 मिलियन के कर्ज के लिए कुछ विशेष नियम और शर्तें (Covenants) स्वीकार की हैं। हालांकि कंपनी के शेयरों को सीधे तौर पर गिरवी (Pledge) नहीं रखा गया है, लेकिन प्रमोटर एंटिटीज के 100% शेयरों को गिरवी रखकर यह लोन लिया गया है। इस पूरी कवायद में कंपनी के कुल 2,173,652,856 शेयर शामिल हैं।
पैसा कहां खर्च होगा?
सबसे अहम बात यह है कि यह पैसा Horizon Industrial Parks के बिजनेस में इस्तेमाल नहीं होगा। कंपनी ने साफ कर दिया है कि $480 मिलियन की यह राशि प्रमोटर्स और उनकी पैरेंट कंपनियों को फंड ट्रांसफर करने, निवेशकों को पैसा लौटाने और ट्रांजैक्शन की लागत निकालने के लिए जुटाई गई है।
बड़े बैंकों का कंसोर्टियम शामिल
इस कर्ज को देने के लिए बैंकों का एक बड़ा ग्रुप शामिल है, जिसमें Barclays Bank PLC, Deutsche Bank AG (Singapore), First Abu Dhabi Bank PJSC (Gift City) और Sumitomo Mitsui Banking Corporation (Singapore) जैसे दिग्गज नाम शामिल हैं।
निवेशकों के लिए चेतावनी
भले ही यह कर्ज प्रमोटर लेवल पर है, लेकिन कंपनी की 75.4% इक्विटी का इस तरह कर्ज के जाल में उलझना एक रिस्क फैक्टर है। यदि प्रमोटर लेवल पर किसी भी तरह का डिफॉल्ट होता है, तो कंपनी के मालिकाना हक में भविष्य में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। निवेशकों को इस पर कड़ी नजर रखने की जरूरत है।
