Hitachi Energy India ने अपनी 7वीं AGM सफलतापूर्वक पूरी कर ली है। कंपनी के शेयरहोल्डर्स ने सभी पांचों प्रस्तावों को मंजूरी दे दी है, जिसमें ₹4,000 करोड़ का बड़ा कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) प्लान शामिल है।
विस्तार की नई कहानी
कंपनी ने अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता को बढ़ाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। इस ₹4,000 करोड़ के कुल निवेश में से ₹2,000 करोड़ सिर्फ वडोदरा में एक नए ग्रीनफील्ड पावर ट्रांसफॉर्मर फैसिलिटी के लिए आवंटित किए गए हैं। यह कदम भारत के बढ़ते पावर सेक्टर की डिमांड को पूरा करने में मील का पत्थर साबित होगा।
AGM में क्या हुआ?
28 अगस्त, 2026 को आयोजित 7वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में शेयरहोल्डर्स ने वित्तीय वर्ष 2026 के नतीजों और डिविडेंड डिक्लेरेशन को सर्वसम्मति से पास किया। साथ ही, बोर्ड ने Mr. Ismo Antero Haka की पुनः नियुक्ति और ऑडिटर रेमुनरेशन को भी हरी झंडी दे दी है।
सस्टेनेबिलिटी पर फोकस
सिर्फ कारोबार ही नहीं, कंपनी पर्यावरण को लेकर भी गंभीर है। Hitachi Energy India ने साल 2019 के मुकाबले अपने ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन (Scope 1 और 2) में 74% की बड़ी कटौती की है। इसके अलावा, कंपनी का वेस्ट रिसाइकिलिंग रेट 99% तक पहुंच गया है।
आगे क्या होगा?
शेयरहोल्डर्स की मंजूरी के बाद अब कंपनी अपने Employee Stock Purchase Plan (ESPP) और Restricted Stock Units (RSU) को लागू करने की दिशा में आगे बढ़ेगी। निवेशकों की नजर अब गुजरात के करजन स्थित प्लांट के कंस्ट्रक्शन अपडेट्स पर रहेगी, जो भविष्य में कंपनी के ऑर्डर बुक और मार्जिन को नई ऊंचाइयों पर ले जा सकते हैं।
