Hind Rectifiers Limited अब Hirect Limited के नाम से जानी जाएगी। कंपनी ने चिदंबरम बालाकृष्णन को अपना नया ग्लोबल CEO नियुक्त किया है। जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू **₹236.39 करोड़** और कंसोलिडेटेड रेवेन्यू **₹258.45 करोड़** रहा।
Hind Rectifiers Limited का बदला नाम, अब Hirect Limited से होगी पहचान
24 जुलाई 2026 से Hind Rectifiers Limited का नाम आधिकारिक तौर पर बदलकर 'Hirect Limited' कर दिया गया है। कंपनी में बड़े नेतृत्व परिवर्तन भी हुए हैं। श्री चिदंबरम बालाकृष्णन को ग्लोबल चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) और श्री अनिल कुमार नेmani को होल-टाइम डायरेक्टर और चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) नियुक्त किया गया है। बोर्ड ने अपनी UAE सब्सिडियरी, Hirect Global Holdings Limited में निवेश को भी मंजूरी दे दी है।
नए नाम और नेतृत्व का महत्व
यह बदलाव कंपनी के लिए एक नई दिशा और रणनीति का संकेत देता है। Hirect Limited नाम का नया ब्रांडिंग कंपनी के भविष्य के बिजनेस प्लान के साथ तालमेल बिठाने के उद्देश्य से किया गया है। नए ग्लोबल CEO और CFO की नियुक्ति से एक एकीकृत और आक्रामक ग्रोथ स्ट्रेटेजी की ओर इशारा मिलता है। इसके अलावा, UAE सब्सिडियरी में निवेश से कंपनी के अंतरराष्ट्रीय विस्तार की संभावना बढ़ जाती है।
पिछली तिमाही के नतीजे
जून 30, 2026 को समाप्त तिमाही के लिए, कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू ₹236.39 करोड़ और कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹258.45 करोड़ रहा। मैनेजमेंट ने यह भी चेतावनी दी है कि 30 सितंबर 2025 को Elventive France को शामिल करने के कारण ये आंकड़े पिछले साल की समान तिमाही से सीधे तौर पर तुलनीय नहीं हैं। इस तिमाही में EMS सेगमेंट को ₹8.48 करोड़ का नुकसान हुआ है।
आगे क्या होगा?
नए नाम और नेतृत्व के साथ, Hirect Limited अपनी रणनीतिक योजनाओं को आगे बढ़ाने की उम्मीद है। फोकस नई सब्सिडियरी के इंटीग्रेशन, EMS जैसे सेगमेंट में प्रॉफिटेबिलिटी की समस्याओं को हल करने और अंतरराष्ट्रीय उपस्थिति का लाभ उठाने पर रहेगा। UAE सब्सिडियरी में निवेश के लिए बोर्ड की मंजूरी इसी दिशा में एक ठोस कदम है।
जोखिम जिन पर नज़र रखें
EMS सेगमेंट में लगातार हो रहा नुकसान कंसोलिडेटेड नतीजों को प्रभावित कर रहा है। इसके अलावा, नई सब्सिडियरी के जुड़ने से हो रहे समायोजन के कारण निवेशकों के लिए साल-दर-साल वित्तीय तुलना एक चुनौती बनी हुई है। नए प्रबंधन के तहत कंपनी की लाभप्रदता हासिल करने की क्षमता एक महत्वपूर्ण पहलू है जिस पर नज़र रखी जानी चाहिए।
निवेश पर नजर
निवेशकों को EMS सेगमेंट के प्रदर्शन और कंसोलिडेटेड एंटिटी की समग्र लाभप्रदता पर करीब से नजर रखनी चाहिए। नई सब्सिडियरी का सफल इंटीग्रेशन और नए ग्लोबल CEO और CFO द्वारा तय की गई रणनीतिक दिशा भविष्य के प्रदर्शन के महत्वपूर्ण संकेतक होंगे।
