Harig Crankshafts Limited ने अपनी तीसरी AGM **29 सितंबर, 2026** को बुलाई है। इस बैठक में कंपनी के MD मनोज अग्रवाल की दोबारा नियुक्ति और **₹6 करोड़** के इंटर-कॉर्पोरेट लोन के प्रस्ताव पर शेयरधारकों की मुहर लगेगी।
AGM के मुख्य एजेंडे
कंपनी ने अपनी तीसरी एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का ऐलान कर दिया है, जो 29 सितंबर, 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए होगी। बैठक में सबसे अहम मुद्दा मैनेजमेंट में निरंतरता बनाए रखने का है, जिसके तहत मनोज अग्रवाल को मैनेजिंग डायरेक्टर के पद पर फिर से नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा गया है। साथ ही, M.B. Gupta & Co. को 5 साल के लिए कंपनी का स्टेट्युटरी ऑडिटर नियुक्त किया जाना है, जिसकी फीस ₹1.50 लाख तय की गई है।
₹6 करोड़ के लोन का गणित
कंपनी अपने वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने के लिए Chemester Food Industry Private Limited से ₹6 करोड़ तक का अनसेक्योर्ड इंटर-कॉर्पोरेट डिपॉजिट लेने की योजना बना रही है। यह लोन 9.25% की ब्याज दर पर 12 महीने के लिए लिया जाएगा।
निवेशकों के लिए क्या है जोखिम?
यह एक 'रिलेटेड पार्टी ट्रांजेक्शन' (RPT) है, इसलिए निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है। हालांकि मैनेजमेंट का कहना है कि ब्याज दरें 'आर्म्स लेंथ' (Arm's length) पर हैं, लेकिन वर्किंग कैपिटल के लिए संबंधित कंपनियों पर निर्भरता कंपनी की वित्तीय लचीलेपन (Financial Flexibility) पर सवाल खड़े कर सकती है। शेयरधारकों को सलाह है कि वे वोटिंग से पहले कंपनी के नोटिस में दिए गए RPT नियमों को ध्यान से पढ़ें।
