Gravita India ने अपनी सब्सिडियरी कंपनी Rashtriya Metal Industries Limited (RMIL) के राइट्स इश्यू में **₹94.42 करोड़** के निवेश को मंजूरी दी है। इस कदम से कंपनी की हिस्सेदारी में कोई बड़ा बदलाव नहीं आएगा और यह पैसा सब्सिडियरी के कॉर्पोरेट कामकाज में इस्तेमाल होगा।
निवेश की रणनीति
Gravita India ने अपनी महत्वपूर्ण सब्सिडियरी RMIL को मजबूत करने के लिए यह फैसला लिया है। यह एक 'आर्म्स लेंथ' ट्रांजैक्शन है, जिसका मकसद कंपनी के जनरल कॉर्पोरेट उद्देश्यों को पूरा करना है। इस निवेश के बाद Gravita India की हिस्सेदारी 99.5880% से बढ़कर मामूली रूप से 99.5881% हो जाएगी।
क्यों अहम है यह फैसला?
यह कैपिटल इन्फ्यूजन (Capital Infusion) RMIL की बैलेंस शीट को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा। RMIL कॉपर और कॉपर अलॉय मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में काम करती है और कंपनी की पिछले कुछ समय में ग्रोथ काफी शानदार रही है। चूंकि यह आंतरिक संसाधनों का उपयोग है, इसलिए इसमें किसी बाहरी रेगुलेटरी अप्रूवल की आवश्यकता नहीं है।
RMIL की फाइनेंशियल सेहत
31 मार्च, 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, RMIL की नेट वर्थ ₹330 करोड़ और टोटल एसेट्स ₹579 करोड़ हैं। कंपनी के टर्नओवर में पिछले तीन फाइनेंशियल ईयर के दौरान लगातार तेजी देखी गई है, जो ₹688 करोड़ (FY 23-24) से बढ़कर ₹1,041 करोड़ (FY 25-26) के स्तर पर पहुंच गया है।
बता दें कि RMIL साल 1946 से काम कर रही है और यह कंपनी कॉपर स्ट्रिप्स और कॉइल्स बनाने में माहिर है। कंपनी का निर्यात कारोबार UAE, USA, सऊदी अरब और थाईलैंड जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों में फैला हुआ है।
