Graphite India के FY26 नतीजे: रेवेन्यू में उछाल, पर मुनाफे पर लगी चोट!
Graphite India Limited ने 31 मार्च 2026 को खत्म हुए फाइनेंशियल ईयर के नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी के स्टैंडअलोन रेवेन्यू में 16.2% की शानदार बढ़ोतरी दर्ज की गई, जो पिछले साल के ₹2,420 करोड़ से बढ़कर ₹2,812 करोड़ हो गया।
हालांकि, कंपनी के लिए चिंता की बात यह है कि स्टैंडअलोन प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में 41.6% की भारी गिरावट आई है। पिछले साल जहां ₹452 करोड़ का मुनाफा हुआ था, वहीं इस साल यह घटकर ₹264 करोड़ रह गया है।
कंसॉलिडेटेड (Consolidated) आधार पर देखें तो रेवेन्यू 11.4% बढ़कर ₹2,852 करोड़ रहा, लेकिन मुनाफा 62.7% लुढ़ककर ₹171 करोड़ पर आ गया, जो पिछले साल ₹458 करोड़ था।
मुनाफे में गिरावट की वजह?
कंपनी के मुनाफे में इस बड़ी गिरावट के पीछे कई खास वजहें हैं:
- लेबर कोड चार्जेज: ₹11 करोड़ का चार्ज।
- ब्याज का बोझ: एक प्रतिकूल कोर्ट ऑर्डर के कारण ₹15 करोड़ का ब्याज।
- इन्वेंट्री राइट-डाउन: ₹45 करोड़ की इन्वेंट्री को राइट-डाउन (मूल्य में कमी) करना पड़ा।
निवेशकों को डिविडेंड का तोहफा
इन सबके बावजूद, कंपनी ने शेयरधारकों को खुश करने के लिए ₹7 प्रति इक्विटी शेयर के डिविडेंड (Dividend) की सिफारिश की है। यह डिविडेंड 51वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेगा।
आगे क्या?
रेवेन्यू में ग्रोथ अच्छी खबर है, लेकिन मुनाफे में आई कमी निवेशकों के लिए चिंता का विषय है। अब सबकी नजरें इस बात पर रहेंगी कि कंपनी कैसे इन एकमुश्त खर्चों (Exceptional Charges) और कानूनी देनदारियों का सामना करती है और भविष्य में अपने मार्जिन को कैसे सुधारती है। पेंडिंग इनकम टैक्स अपीलों का असर भी कंपनी के भविष्य पर पड़ सकता है।
